Author: tarun sardar
फिल्म निर्माता करण जौहर स्टूडेंट ऑफ द ईयर की दो किस्त ला चुके हैं, जिन्हें लोगों का बेशुमार प्यार मिला था। अब वह इस सीरीज की तीसरी किस्त पर काम कर रहे हैं, जो वेब सीरीज के रूप में रिलीज की जाएगी। इस सीरीज की मुख्य अभिनेत्री के तौर पर शनाया कपूर को पहले ही तय किया जा चुका है। ताजा खबर है कि इस सीरीज में दिविक शर्मा की एंट्री हो गई है। आइए जानते हैं उनके बारे में। आर्यन खान की वेब सीरीज बैड्स ऑफ बॉलीवुड में दिविक को देखा गया था। उन्होंने बॉबी देओल के बेटे सौमिक…
बॉक्स ऑफिस पर इमरान हाशमी और यामी गौतम अभिनीत फिल्म हक कब्जा जमाकर बैठी है। वीकेंड पर ठीक-ठाक कमाई करने के बाद कारोबारी दिनों में फिल्म का कैसा प्रदर्शन रहा, इसका रिपोर्ट कार्ड आ गया है। दूसरी ओर सोनाक्षी सिन्हा अभिनीत फिल्म जटाधरा बॉक्स ऑफिस पर अपनी आखिरी सांसें गिन रही है। बहुत हैरानी की बात है कि रिलीज के चौथे ही दिन में फिल्म की कमाई लाख रुपये पर उतर आई है। आइए जानते हैं दोनों फिल्मों का कलेक्शन। सैकनिल्क के मुताबिक, हक ने चौथे दिन कुल 1 करोड़ रुपये का कारोबार किया है। फिल्म मंडे टेस्ट में बुरी…
फिल्म इंडस्ट्री हमेशा बदलती रहती है। पहले कलाकारों के लिए बड़ी फिल्म से शुरुआत करना और भव्य लॉन्चिंग जरूरी माना जाता था, लेकिन अब समय बदल गया है। अभिनेत्री श्रद्धा दास का मानना है कि आज के दौर में कलाकारों को अपने टैलेंट, लगातार मेहनत और खुद से बनाए गए अवसरों पर ध्यान देना चाहिए। यही रास्ता है जो किसी भी कलाकार को इंडस्ट्री में टिकने और नाम कमाने में मदद करता है। श्रद्धा ने कहा कि सफलता पाने का कोई छोटा रास्ता नहीं होता। उन्होंने कहा, मैंने खुद बड़े और छोटे रोल, गाने, दूसरे प्रमुख रोल, सब कुछ करके…
कपड़ों में बैक्टीरिया का विकास होना एक आम समस्या है, खासकर जब उन्हें लंबे समय तक बिना धोए रखा जाता है। यह समस्या न केवल सेहत के लिए हानिकारक हो सकती है, बल्कि कपड़ों की गुणवत्ता को भी प्रभावित कर सकती है। इस लेख में हम आपको कुछ आसान और प्रभावी उपाय बताएंगे, जिनसे आप अपने कपड़ों को बैक्टीरिया मुक्त रख सकते हैं और उनकी उम्र बढ़ा सकते हैं। सही तरीके से धोएं कपड़े कपड़ों को सही तरीके से धोना बहुत जरूरी है। गर्म पानी का इस्तेमाल करने से बैक्टीरिया खत्म हो जाते हैं, लेकिन ध्यान रखें कि कुछ कपड़े…
सुनने की क्षमता हमारे जीवन का एक अहम हिस्सा है, लेकिन कुछ आदतें इसे नुकसान पहुंचा सकती हैं। रोजमर्रा की जिंदगी में अनजाने में की जाने वाली छोटी-छोटी गलतियां हमारे कानों को कमजोर कर सकती हैं। इस लेख में हम ऐसी ही कुछ सामान्य आदतों के बारे में जानेंगे, जो हमारी सुनने की क्षमता को प्रभावित कर सकती हैं और इनसे कैसे बचना चाहिए ताकि हमारे कान सुरक्षित रहें। तेज आवाज में गाने सुनना तेज आवाज में गाने सुनना एक आम आदत है, खासकर जब हम कानों में लगाने वाले उपकरणों का उपयोग करते हैं। हालांकि, यह आदत आपकी सुनने…
मेष राशि: आज आपका दिन बेहतर रहेगा। आपकी गुम हुई पुरानी वस्तु आज वापस मिल जाएगी। साथ ही आपको इनवेस्ट में लाभ होगा। इस राशि वाले लोगों को अपने जीवनसाथी से आज गिफ्ट मिल सकता है। जिससे आप दोनों के रिश्ते में मधुरता बढ़ेगी। आज दूसरों की बात भी अच्छे से समझने की कोशिश करें। इससे आपको लाभ मिलेगा। आप किसी अपनों की मदद भी कर सकते हैं। सामने आयी समस्याओं को सुलझाने में आप सफल होंगे। आज कानूनी मामलों में आपको जीत मिलेगी। इस राशि के लोगों को आज रोजगार मिलेंगे। शुभ रंग: नीला शुभ अंक: 2 वृष राशि:…
छोटे परदे पर आज दूरदर्शन 7.00 समाचार 7.15 मूक-बधिरों के लिए समाचार 7.30 आज सवेरे 8.30 नई दृष्टि नई राह 0.00 सुनो कहानी 10.30 गली गली सिम सिम 11.00 मंथन दोपहर 12.00 मुआवजा मदद या अभिशाप 12.30 शमा 1.00 मंगलसूत्र एक मर्यादा 1.30 अंखड सौभाग्यवती भव 2.00 कलेक्टर बाबु 2.30 नई शोच 3.00 जिंदगी एक भंवर 3.30 स्त्री तेरी कहानी… धारावाहिक सायं 4.00 प्रादेशिक प्रसारण राष्ट्रीय नेटवर्क 4.30 भक्ति संगित 8.00 द न्यूज 8.05 पार्लियामेंट न्यूज 8.30 जननी 9.00 पहचान अस्तित्व की तलाश 9.30 यहां के हम सिकंदर 10.00 कानाफूसी धारावाहिक 10.30 इम्तिहान 11.00 रंगोली11.30 नृत्य का राष्ट्रीय कार्यक्रम। डिस्कवरी…
भारत में सेवा क्षेत्र की केंद्रीय भूमिका है, लेकिन इसके भीतर अधिकांश कर्मियों को रोजगार सुरक्षा या सामाजिक संरक्षण हासिल नहीं है। अर्थव्यवस्था में सबसे ज्यादा योगदान के बावजूद सेवा क्षेत्र के कर्मी निम्न वेतन जाल में फंसे हुए हैं। नीति आयोग ने समस्या पर रोशनी डाली है, लेकिन ठोस समाधान सुझाने में विफल रहा है। समस्या है सेवा क्षेत्र में रोजगार की खराब स्थिति। आयोग ने कहा है- ‘भारतीय आर्थिक ढांचे में सेवा क्षेत्र केंद्रीय स्थल पर है, लेकिन इसके भीतर अनौपचारिक क्षेत्र का हिस्सा बेहद बड़ा है, जहां अधिकांश कर्मियों को रोजगार सुरक्षा या सामाजिक संरक्षण हासिल नहीं…
कार्तिक नारायण, जैसे विश्व भर के देश प्रतिभाओं के लिए अपने भीतर देख रहे हैं। ऐसे में भारत को भी औपचारिक, औचित्यपूर्ण और गरिमामय रोजगार पैदा कर आगे बढऩा होगा। समूची दुनिया में आव्रजन को लेकर चिंता, अर्थव्यवस्थाओं और राजनीतिक व्यवस्थाओं को नया स्वरूप दे रही है। वैश्विक प्रतिभाओं का स्वागत करने वाले देश अब बदल रहे हैं, वे वैश्विक प्रतिभाओं के लिए पुल बनाने के बजाय अवरोध पैदा कर रहे हैं। उन्होंने प्रतिभाओं की तलाश अपने अंदर ही शुरू कर दी है। भारत इस बदलती हुई दुनिया में संपन्नता के लिए सिर्फ प्रतिभाओं के निर्यात पर निर्भर नहीं रह…
हरिशंकर व्यास बिहार के चुनाव में कोई जीते-हारे, पर राहुल गांधी की गूंज बढ़ेगी। राहुल गांधी अब वह चेहरा है जो न केवल निडरता का पर्याय है, बल्कि अकेला चेहरा है, जिससे भारत में विपक्ष जिंदा दिखता है। सोचें राहुल गांधी नहीं होते तो तेजस्वी हों या अखिलेश या कांग्रेस के एक्स-वाई-जेड नेता उनसे मोदी सरकार का क्या बिगडऩा था? तब प्रधानमंत्री मोदी का विरोध तो दूर उन्हें टोकने वाला भी नहीं होता। याद करें कि अरविंद केजरीवाल से ले कर ममता बनर्जी, नवीन पटनायक, वाम मोर्चे के नेताओं के पिछले ग्यारह वर्षों में मोदी सरकार, भाजपा, आरएसएस और हिंदू…
