दतिया 17 नवंबर (आरएनएस)। कलेक्टर स्वप्निल वानखडे की अध्यक्षता में आज सोमवार को न्यू कलेक्ट्रेट कार्यालय के सभाकक्ष में समय-सीमा समीक्षा बैठक संपन्न हुई। बैठक में जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी अक्षय कुमार तेम्रवाल, अपर कलेक्टर महेन्द्र सिंह कवचे सहित सभी एसडीएम, तहसीलदार, नायब तहसीलदार, सीईओ जनपद पंचायत, सीएमओ नगर पालिका, नगर परिष एवं संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
कलेक्टर द्वारा सीएम हेल्पलाइन के लंबित प्रकरणों की विभागवार समीक्षा की गई। कलेक्टर ने 300 दिवस से अधिक समय से लंबित प्रकरणों पर गंभीर नाराजगी व्यक्त करते हुए निर्देश दिए कि सभी विभाग आगामी शुक्रवार तक इनका निराकरण सुनिश्चित करें।
कलेक्टर वानखडे ने एन्यूमरेशन फॉर्म के डिजिटाइज़ेशन कार्य में अत्यंत धीमी प्रगति पर गंभीर असंतोष व्यक्त किया। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि बीएलओ के साथ आंगनवाड़ी कार्यकर्ता, ग्राम रोजगार सहायक, सचिव एवं पटवारी पूरी सामंजस्यपूर्ण टीम वर्क के साथ एन्यूमरेशन फॉर्म वितरण का कार्य करें।
कलेक्टर ने सभी एसडीएमों को निर्देशित किया कि यदि कोई भी बीएलओ, सचिव, पटवारी अथवा आंगनवाड़ी कार्यकर्ता बिना उचित कारण बताए कार्यस्थल से अनुपस्थित पाया जाता है, तो तुरंत प्रभाव से अनुशासनात्मक कार्यवाही किया जाना सुनिश्चित करें। साथ ही प्रगति अपेक्षा से कम पाए जाने पर निलंबन की कार्यवाही करने में कोई हिचक न रखें। उन्होंने कहा कि जिले की प्रत्येक ग्राम पंचायत में कम से कम 10 सदस्यों की कार्य-दल (टीम) बनाई जाए तथा सभी टीमें निर्धारित समयसीमा में लक्ष्य पूर्ण करें।
कलेक्टर वानखडे ने निर्देशित किया कि सभी एसडीएम और तहसीलदार वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से प्रतिदिन प्रगति की समीक्षा करें और किसी भी स्तर पर लापरवाही मिलने पर तत्काल रिपोर्ट प्रस्तुत करें।
कलेक्टर ने बैठक में स्पष्ट चेतावनी देते हुए कहा कि एसआईआर कार्य में लापरवाही हुई तो मैं कार्यवाई करने में बिल्कुल भी देर नहीं करूंगा। जिम्मेदारी तय कर कठोर कदम उठाए जाएंगे। बैठक में अधिकारियों को समयबद्ध कार्ययोजना लागू करने एवं फील्ड में निरंतर निगरानी रखने के निर्देश भी दिए गए।

