पिथौरागढ़,20 जनवरी (आरएनएस)। गांधीनगर जोशा में स्वतंत्रता संग्राम सेनानी नरी राम को जयंती पर याद किया। मंगलवार को परिजनों और ग्रामीणों ने स्वतंत्रता संग्राम सेनानी के चित्र पर माल्यापर्ण कर श्रद्धांजलि दी। इस दौरान वक्ताओं ने कहा कि देश की आजादी में नरी राम के योगदान को हमेशा याद रखा जाएगा। कहा कि आन्दोलन के दौरान नरी राम को 7 मार्च, 1941 को अल्मोड़ा जेल में रखा गया। बाद में 21 मार्च, 1941 को अल्मोड़ा से बरेली जेल भेज दिया गया। कारावास की सजा के साथ ही उनकी सम्पत्ति तक कुर्क कर दी गई। ग्रामीणों ने कहा कि आजादी की लड़ाई लडऩे वाले स्वतंत्रता संग्राम सेनानी नरी राम का गांव गांधीनगर आज भी सड़क, शिक्षा और स्वास्थ्य जैसी मूलभूत सुविधाओं से कोसो दूर है। सुविधाओं के अभाव में गांव से लगातार पलायन हो रहा है। यहां रधूली देवी, ग्राम प्रधान तारा विश्वकर्मा, गोरीवार विकास समिति के अध्यक्ष बसन्त आर्या, पूर्व ग्राम प्रधान राजेश रोशन, भवान राम, प्रहलाद विश्वकर्मा, सुन्दर बारूड़ी, बहादुर राम, प्रेम राम, देवेन्द्र कुमार, सीमा देवी, चन्द्रा देवी आदि मौजूद रहे। इधर हल्द्वानी में भी स्वतंत्रता संग्राम सेनानी नरी राम का जन्मदिन मनाया गया। यहां ब्राह्मी विश्वकर्मा, दीपा देवेन्द्र विश्वकर्मा, देवेन्द्र विश्वकर्मा आदि मौजूद रहे।
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