भोपाल,21 मार्च (आरएनएस)। राजधानी भोपाल के हमीदिया अस्पताल में नवजात को मृत घोषित करने के बाद उसमें हलचल दिखने का मामला एक बार फिर सामने आया है, जिससे अस्पताल में तनाव की स्थिति बन गई। शुक्रवार को 6 माह की गर्भवती महिला की इमरजेंसी डिलीवरी के बाद बच्चे को मृत बताया गया, लेकिन कुछ देर बाद धड़कन जैसे संकेत मिलने पर परिजन आक्रोशित हो गए।
इससे पहले भी बुधवार को इसी तरह का मामला सामने आ चुका है, जिसमें मृत घोषित बच्ची में सांसें चलने का दावा किया गया था। हमीदिया अस्पताल में परिजनों का देर रात 12 बजे तक हंगामा होता रहा। वहीं डॉक्टरों का कहना है कि यह अत्यंत प्री-मेच्योर एबॉर्टस केस था, जिसमें ऐसी स्थिति संभव होती है।
जानकारी के अनुसार, शुक्रवार दोपहर करीब 4 बजे मानताशा नाम की महिला हमीदिया अस्पताल के ब्लॉक-2 में गंभीर हालत में पहुंची। महिला लगभग 6 महीने की गर्भवती थी। अस्पताल पहुंचने के समय ही शिशु का सिर बाहर आ चुका था।
स्थिति को देखते हुए डॉक्टरों ने तुरंत लेबर रूम में भर्ती कर इमरजेंसी डिलीवरी कराई। इसके बाद परिजनों को बताया गया कि बच्चा मृत पैदा हुआ है, लेकिन कुछ समय बाद नवजात में हलचल जैसी स्थिति दिखने लगी, जिससे परिजनों में आक्रोश फैल गया और अस्पताल में हंगामा शुरू हो गया।
परिजनों के हंगामे को देखते हुए अस्पताल प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाई और कोहेफिजा थाना प्रभारी के.जी. शुक्ला को बुलाया गया। पुलिस ने पहुंचकर परिजनों को समझाने का प्रयास किया और स्थिति को नियंत्रित किया। अस्पताल प्रशासन ने तत्काल मामले को शांत कराने की कोशिश की, लेकिन घटना ने एक बार फिर अस्पताल की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं।

