नई दिल्ली 25 May, (Rns)- उत्तराखंड एसटीएफ और गोवा पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में देशभर में सक्रिय एक बड़े सेक्सटॉर्शन रैकेट का पर्दाफाश हुआ है। दोनों एजेंसियों ने देहरादून से गैंग के कथित सरगना सलमान खान को गिरफ्तार किया है, जो पिछले तीन वर्षों से फरार चल रहा था। आरोपी पर अमीर कारोबारियों को हनीट्रैप में फंसाकर करोड़ों रुपये की उगाही करने का आरोप है।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, देहरादून के माजरा क्षेत्र निवासी सलमान खान गोवा के मापुसा थाना क्षेत्र में दर्ज ब्लैकमेलिंग और सेक्सटॉर्शन के कई मामलों में वांछित था। लंबे समय से उसकी तलाश की जा रही थी। आखिरकार एसटीएफ ने उसे नेहरू कॉलोनी इलाके से गिरफ्तार कर गोवा पुलिस के हवाले कर दिया।
सोशल मीडिया से शुरू होता था जाल
जांच में सामने आया है कि यह गैंग बेहद सुनियोजित तरीके से काम करता था। गिरोह की महिला सदस्य सोशल मीडिया के जरिए बड़े उद्योगपतियों और संपन्न कारोबारियों से संपर्क करती थीं। दोस्ती और नजदीकियां बढ़ाने के बाद उन्हें गोवा के आलीशान विला या फाइव स्टार होटल में मिलने के लिए बुलाया जाता था।
बताया जा रहा है कि पीड़ित के पहुंचने से पहले ही कमरे या विला में गुप्त कैमरे फिट कर दिए जाते थे, ताकि निजी पलों की रिकॉर्डिंग की जा सके। इसके बाद शुरू होता था ब्लैकमेलिंग का खतरनाक खेल।
फर्जी अफसर बनकर देते थे धमकी
पुलिस के मुताबिक, जैसे ही कारोबारी महिला के साथ कमरे में होता था, तभी सलमान और उसके साथी खुद को “नारकोटिक्स ब्यूरो” का अधिकारी बताकर वहां पहुंच जाते थे। फर्जी पहचान पत्र दिखाकर वे पीड़ित को ड्रग्स और अनैतिक गतिविधियों के केस में फंसाने की धमकी देते थे।
गैंग के सदस्य वीडियो वायरल करने और जेल भेजने का डर दिखाकर पीड़ितों से करोड़ों रुपये की मांग करते थे। विरोध करने पर मारपीट और बंधक बनाने जैसी घटनाएं भी सामने आई हैं। जांच में खुलासा हुआ है कि मुंबई के एक बड़े कारोबारी से भी इसी तरीके से भारी रकम वसूली गई थी।
कई राज्यों में फैला था नेटवर्क
पूछताछ में सलमान ने अपने कई साथियों के नाम उजागर किए हैं। पुलिस के अनुसार गिरोह के तार दिल्ली, उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड तक फैले हुए हैं। गैंग में शामिल अन्य आरोपियों में इमाद, निवेदिता शर्मा, भुवन अरोड़ा, फैजान फरजान, मोहम्मद आयान, मोहम्मद वसीद और यासर के नाम सामने आए हैं।
पुलिस अब इन सभी की तलाश में कई राज्यों में छापेमारी कर रही है। अधिकारियों का दावा है कि आने वाले दिनों में इस रैकेट से जुड़े कुछ और बड़े खुलासे हो सकते हैं।

