रायगढ़,22 जुलाईं (आरएनएस)। छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले में अवैध रेत उत्खनन का मामला एक बार फिर सामने आया है। बारिश के मौसम में मांड नदी का जलस्तर बढऩे के बावजूद रेत उत्खनन के लिए नदी में ट्रैक्टर-ट्रॉली उतारने का आरोप है। इसी दौरान कूड़ेकेला-बंगरसूता पुल के पास एक ट्रैक्टर-ट्रॉली अचानक बढ़े जलस्तर के कारण नदी की धार में फंस गई।प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, ट्रैक्टर चालक नदी के भीतर रेत निकालकर ट्रॉली में भर रहा था। इसी दौरान बारिश के चलते नदी का पानी तेजी से बढऩे लगा और देखते ही देखते ट्रैक्टर-ट्रॉली बीच धारा में फंस गई। स्थिति गंभीर होने पर स्थानीय ग्रामीणों ने अपनी जान जोखिम में डालकर बचाव कार्य शुरू किया। काफी मशक्कत के बाद ट्रैक्टर को नदी से बाहर निकाल लिया गया, लेकिन ट्रॉली नदी के बीच ही फंसी रह गई।प्रशासनिक निगरानी पर उठे सवालघटना के बाद क्षेत्र में अवैध रेत उत्खनन को लेकर प्रशासनिक निगरानी और कार्रवाई पर सवाल उठ रहे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि बारिश के दौरान नदी का जलस्तर बढऩे के बावजूद रेत उत्खनन का काम जारी रहना गंभीर लापरवाही है। उनका आरोप है कि क्षेत्र में लंबे समय से अवैध रेत उत्खनन का कारोबार चल रहा है, लेकिन जिम्मेदार विभागों की ओर से प्रभावी कार्रवाई नहीं की जा रही है।ग्रामीणों का कहना है कि नदी के बढ़ते जलस्तर के बीच इस तरह रेत उत्खनन से कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है। उन्होंने प्रशासन से पूरे मामले की तत्काल जांच कराने और अवैध रेत उत्खनन में शामिल लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की मांग की है।अब सवाल यह उठ रहा है कि बारिश और नदी के उफान के बीच भी अवैध रेत उत्खनन कैसे जारी है और इस पर जिम्मेदार विभागों की नजर क्यों नहीं पड़ रही। क्षेत्रवासियों ने प्रशासन से मामले में तत्काल हस्तक्षेप की मांग की है।
०००
Login
अपनी भाषा में समाचार चुनने की स्वतंत्रता | देश की श्रेष्ठतम समाचार एजेंसी

