भोपाल 27 मार्च (आरएनएस)। ऐतिहासिक ईदगाह मस्जिद की पार्किंग में मोबाइल टावर निर्माण को लेकर शुक्रवार को विवाद की स्थिति बन गई। ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (्रढ्ढरूढ्ढरू) के कार्यकर्ताओं ने मौके पर पहुंचकर काम का विरोध किया और वहां काम कर रही लेबर को रोक दिया। सूचना मिलते ही पुलिस भी मौके पर पहुंच गई।
बताया जा रहा है कि यह निर्माण कार्य सभी आवश्यक अनुमति के साथ किया जा रहा था और मध्य प्रदेश वक्फ बोर्ड ने भी इसकी मंजूरी दी है। इसके बावजूद बिना अनुमति धरना प्रदर्शन की कोशिश को लेकर स्थिति तनावपूर्ण हो गई।
पुलिस ने कार्यकर्ताओं को समझाइश देने का प्रयास किया, लेकिन इस दौरान एआईएमआईएम के प्रदेश अध्यक्ष मोहसिन अली खान और कार्यकर्ताओं की पुलिस अधिकारियों से तीखी बहस हो गई। कार्यकर्ताओं ने काम बंद रखने का दबाव बनाया और बात नहीं मानने पर धरना देने की चेतावनी दी।
शाहजहांनाबाद एसीपी अनिल वाजपेयी ने स्पष्ट किया कि शहर में बिना अनुमति धरना-प्रदर्शन प्रतिबंधित है। यदि नियमों का उल्लंघन किया गया तो वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
वहीं, मोहसिन अली खान ने कहा कि वक्फ संपत्तियों की हिफाजत करना उनका फर्ज है। उन्होंने आरोप लगाया कि वक्फ बोर्ड द्वारा टेंडर जारी कर एयरटेल को टावर लगाने की अनुमति दी गई है, जिसका विरोध किया गया है। उन्होंने चेतावनी दी कि वक्फ की जमीन का एक इंच भी किसी को नहीं लेने दिया जाएगा और इसके लिए कानूनी लड़ाई भी लड़ी जाएगी।
मोहसिन का कहना है कि वक्फ के मदरसों, मसाजिद, खानकाह और कब्रिस्तानों की एक इंच जमीन भी किसी को नहीं लेने दी जाएगी। यह हमारी अमानत है और इसकी हिफाज़त के लिए हर कीमत चुकानी पड़े तो भी पीछे नहीं हटेंगे।

