भोपाल,04 अपै्रल (आरएनएस)।जेपी अस्पताल में वीडियो ब्रोंकोस्कोपी सुविधा शुरू की गई है। इसके साथ ही यह मध्यप्रदेश का ऐसा पहला जिला अस्पताल बन गया है, जहां समर्पित वीडियो ब्रोंकोस्कोपी यूनिट उपलब्ध है। अब फेफड़ों से जुड़ी गंभीर बीमारियों जैसे कैंसर, टीबी और संक्रमण की जांच के लिए मरीजों को बड़े संस्थानों की ओर नहीं जाना पड़ेगा।
रोजाना बड़ी संख्या में आने वाले मरीजों को इस सुविधा से समय पर सटीक जांच और इलाज मिल सकेगा। यह तकनीक तेज, सुरक्षित और बेहद प्रभावी मानी जाती है, जिससे मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं मिलेंगी।
बता दें, अस्पताल में रोजाना करीब 1500 मरीज ओपीडी में पहुंचते हैं, जिनमें से 40 से 50 मरीजों को भर्ती करना पड़ता है। ऐसे में इस नई सुविधा से बड़ी संख्या में मरीजों को सीधा लाभ मिलेगा।
ब्रोंकोस्कोपी एक आधुनिक चिकित्सीय जांच प्रक्रिया है, जिसमें एक पतली और लचीली ट्यूब (ब्रोंकोस्कोप) के जरिए गले के रास्ते फेफड़ों और श्वसन नली के अंदर की स्थिति देखी जाती है। इस ट्यूब में कैमरा लगा होता है, जिससे डॉक्टर फेफड़ों के अंदरूनी हिस्सों की लाइव जांच कर सकते हैं।
इन बीमारियों में यह उपयोगी-फेफड़ों का कैंसर
टीबी (ट्यूबरकुलोसिस)
फेफड़ों का संक्रमण
लगातार खांसी या सांस की समस्या
निमोनिया और ट्यूमर
ब्रोंकोस्कोपी एक आसान और कम समय में पूरी होने वाली प्रक्रिया है। जिसमें लगभग 15 से 20 मिनट का समय लगता है। इसमें नाक या मुंह के जरिए कैमरा युक्त ट्यूब डाली जाती है। इसके लिए लोकल एनेस्थीसिया का उपयोग किया जाता है। यह प्रक्रिया मरीज के लिए अपेक्षाकृत सुरक्षित और कम दर्दनाक होती है।
जेपी में सुविधा के शुरू होने से अब मरीजों को जांच के लिए बड़े अस्पतालों जैसे एम्स और हमीदिया नहीं जाना पड़ेगा। जिससे वे इन अस्पतालों की लंबी कतार से बचेंगे। साथ ही, समय पर जांच होने से गंभीर बीमारियों का शुरुआती स्टेज में पता लगाया जा सकेगा, जिससे इलाज आसान और प्रभावी होगा। इसके अलावा आर्थिक बोझ भी कम होगा।

