धमतरी 9 मई (आरएनएस) जिले में वर्षों से फाइलों में दबे खात्मा और खारजी प्रकरणों को अब तेज रफ्तार मिलने जा रही है, क्योंकि डीजीपी छत्तीसगढ़ के निर्देश के बाद एसपी धमतरी सूरज सिंह परिहार ने जिलेभर के थाना और चौकी प्रभारियों की बड़ी समीक्षा बैठक लेकर साफ कर दिया है कि अब लंबित मामलों में लापरवाही बिल्कुल बर्दाश्त नहीं होगी। 09 मई 2026 को आयोजित इस अहम बैठक में पुराने लंबित प्रकरणों, खात्मा और खारजी मामलों की गहन समीक्षा हुई और सभी अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि हर प्रकरण का विधिसम्मत परीक्षण कर उसे तत्काल माननीय न्यायालय में प्रस्तुत किया जाए ताकि वर्षों से अटकी न्यायिक प्रक्रिया को गति मिल सके। एसपी ने स्पष्ट कहा कि लंबित मामलों का समयबद्ध निराकरण केवल अदालतों का बोझ कम नहीं करेगा बल्कि थाना स्तर पर फाइलों का दबाव घटाकर पुलिस व्यवस्था को अधिक पारदर्शी, प्रभावी और जवाबदेह बनाएगा। बैठक में यह भी सामने आया कि कई मामलों में नियमित मॉनिटरिंग की कमी और न्यायालयीन कार्यवाही में ढिलाई के कारण प्रकरण लंबे समय से अटके हुए हैं, जिस पर अब सख्त निगरानी रखी जाएगी। पुलिस अधीक्षक ने सभी थाना प्रभारियों को हर लंबित मामले में त्वरित वैधानिक कार्रवाई सुनिश्चित करने, नियमित पेशी में गंभीरता बरतने और डीजीपी के निर्देशों का कड़ाई से पालन करने के आदेश दिए। इतना ही नहीं, राजपत्रित अधिकारियों को भी अपने-अपने अनुभाग के थानों की लगातार समीक्षा और पर्यवेक्षण की जिम्मेदारी सौंपी गई ताकि कोई भी प्रकरण अनावश्यक रूप से लंबित न रहे। इस समीक्षा बैठक में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक शैलेंद्र कुमार पांडेय, सीएसपी धमतरी अभिषेक चतुर्वेदी, एसडीओपी कुरूद रागिनी मिश्रा, डीएसपी मोनिका मरावी, डीएसपी भानु प्रताप चंद्राकर, डीएसपी मीना साहू, एसडीओपी नगरी विपिन रंगारी और डीपीओ अजय सिंह समेत जिले के सभी थाना और चौकी प्रभारी मौजूद रहे। एसपी कार्यालय के स्टेनो, रीडर और थानों के रीडर भी बैठक में शामिल हुए। धमतरी पुलिस अब विशेष अभियान चलाकर पुराने मामलों के त्वरित निराकरण की दिशा में आक्रामक रणनीति पर काम कर रही है और माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में वर्षों से अटकी कई फाइलों पर अंतिम कार्रवाई देखने को मिल सकती है। फिलहाल धमतरी पुलिस का यह अभियान साफ संकेत दे रहा है कि अब लंबित प्रकरणों की धूल झाड़कर न्याय प्रक्रिया को तेज करने का दौर शुरू हो चुका है।
Login
अपनी भाषा में समाचार चुनने की स्वतंत्रता | देश की श्रेष्ठतम समाचार एजेंसी

