भोपाल 22 जून (आरएनएस)। 12वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर प्रदेश की समस्त जेलों में आयोजित सात दिवसीय योग अभियान का 21 जून 2026 को सफलतापूर्वक समापन हुआ। मध्यप्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, जबलपुर के निर्देशानुसार आयोजित इस विशेष अभियान का उद्देश्य बंदियों के शारीरिक एवं मानसिक स्वास्थ्य को सुदृढ़ बनाना तथा उनमें योग के प्रति जागरूकता विकसित करना था। अभियान के अंतर्गत प्रदेश की सभी जेलों में योगाभ्यास, प्राणायाम एवं ध्यान संबंधी गतिविधियों का आयोजन किया गया, जिसमें बंदियों एवं जेल कर्मचारियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
योग शिविर का शुभारंभ 15 जून को माननीय मुख्य न्यायामूर्ति श्री विवेक रूसिया द्वारा ऑनलाइन माध्यम से किया गया था। इस अवसर पर महानिदेशक, जेल एवं सुधारात्मक सेवाएं डॉ. वरुण कपूर के मार्गदर्शन में केन्द्रीय जेल इंदौर में प्रशिक्षित योग प्रशिक्षकों की उपस्थिति में जेल अधिकारियों, कर्मचारियों एवं बड़ी संख्या में बंदियों ने योगाभ्यास किया तथा योग के महत्व एवं लाभों की जानकारी प्राप्त की।
सात दिवसीय अभियान के दौरान प्रशिक्षित योग प्रशिक्षकों द्वारा विभिन्न योगासन, प्राणायाम एवं ध्यान की विधियों का नियमित अभ्यास कराया गया। साथ ही स्वस्थ जीवनशैली, अनुशासन, आत्मनियंत्रण एवं आत्मविकास से संबंधित महत्वपूर्ण संदेश भी दिए गए। प्रतिभागियों ने योग को अपने दैनिक जीवन का अभिन्न अंग बनाने का संकल्प लिया।
इस वर्ष अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस की थीम “स्वस्थ आयु के लिए योग” रही, जिसे आयुष मंत्रालय द्वारा निर्धारित किया गया है। इसी थीम के अनुरूप प्रदेश की जेलों में बंदियों को नियमित योगाभ्यास, प्राणायाम एवं ध्यान की विभिन्न तकनीकों का प्रशिक्षण प्रदान किया गया, जिससे उनके शारीरिक एवं मानसिक स्वास्थ्य में सकारात्मक सुधार लाने का प्रयास किया गया।
प्रदेश की सभी जेलों में आयोजित योग कार्यक्रम शांतिपूर्ण, अनुशासित एवं सफलतापूर्वक संपन्न हुए। इस अवसर पर बंदियों एवं जेल कर्मचारियों की सक्रिय सहभागिता ने योग के प्रति बढ़ती जागरूकता और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने की प्रतिबद्धता को रेखांकित किया।

