नई दिल्ली 14 Jully (Rns): वाराणसी मूल निवासी एवं वर्तमान में पंचकूला के मुख्यालय पश्चिमी कमान, भारतीय सेना में कार्यरत अपने पिता श्री ज्ञानेंद्र उपाध्याय के साथ रहने वाले 5 वर्ष 2 माह के बाल पर्यावरण प्रेमी रुद्रांश उपाध्याय को उनके उत्कृष्ट पर्यावरणीय योगदान के लिए केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान द्वारा सम्मानित किया गया।
रुद्रांश उपाध्याय अपने स्वयं के पर्यावरणीय अभियान रुद्रांश ग्रीन मिशन (RGM) के माध्यम से वृक्षारोपण एवं पर्यावरण संरक्षण का कार्य कर रहे हैं। नई दिल्ली में आयोजित वृक्ष मित्र कार्यक्रम में उन्हें विशेष रूप से आमंत्रित किया गया, जहां उन्होंने केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान के साथ पौधारोपण किया।
कार्यक्रम के दौरान रुद्रांश ने बताया कि उन्होंने अब तक 1455 पौधे लगाए हैं, जिनमें से 1427 पौधे वर्तमान में जीवित, संरक्षित एवं विकसित हो रहे हैं। उनके द्वारा लगाए गए अधिकांश पौधे पंचकूला, चंडीगढ़ एवं चंडीमंदिर कैंट की विभिन्न स्थानों पर लगाए गए हैं। रुद्रांश प्रत्येक रविवार कम से कम सात पौधे लगाने का संकल्प निभाते हैं और उनके संरक्षण एवं देखभाल पर भी विशेष ध्यान देते हैं।
रुद्रांश ने अपने पौधारोपण अभियान का विस्तृत डिजिटल रिकॉर्ड भी प्रस्तुत किया, जिसमें प्रत्येक पौधे के स्थान, प्रजाति और वर्तमान स्थिति का विवरण उपलब्ध था। उनके कार्यों से प्रभावित होकर केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने उन्हें मंच पर आमंत्रित किया तथा सम्मानस्वरूप एक पौधा और ₹10,000 की प्रोत्साहन राशि प्रदान कर सम्मानित किया।
कार्यक्रम में भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद (ICAR), भारतीय कृषि अनुसंधान संस्थान (IARI) सहित देशभर से आए कृषि वैज्ञानिकों, पर्यावरणविदों एवं विभिन्न विभागों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया। उपस्थित विशेषज्ञों ने कहा कि इतनी कम उम्र में पर्यावरण संरक्षण के प्रति रुद्रांश की जागरूकता और समर्पण अन्य बच्चों के लिए प्रेरणास्रोत है।
महज 5 वर्ष 2 माह की आयु में रुद्रांश उपाध्याय ने यह साबित कर दिया है कि यदि संकल्प मजबूत हो तो उम्र कभी बाधा नहीं बनती। उनका कार्य न केवल पर्यावरण संरक्षण की दिशा में महत्वपूर्ण योगदान है, बल्कि देशभर के बच्चों को प्रकृति के प्रति जिम्मेदारी निभाने की प्रेरणा भी देता है।

