0-भाजपा और कांग्रेस के कार्यकर्ता तथा बीएलओ 2003 की सूची में नाम खोजते परेशान
0-दस्तावेजों की अनियमितता होने भटक रहे मतदाता
रायपुर, 21 नवंबर (आरएनएस)। छत्तीसगढ़ में इस समय एसआईआर मतदाता सूची को लेकर सियासी उबाल आ गया है। भाजपा और कांग्रेस तथा बीएलओ, मतदाता सूची में दर्ज नाम को 2003 खोजने में लगे हुए हैं, लेकिन यह सूची पुरानी होने तथा वार्ड बदलने एवं विधानसभा नई बनने के कारण बहुत परेशान हो गए हैं। राजनीतिक दलों के कार्यकर्ताओं का कहना है कि एसआईआर कार्यक्रम मैं अनाड़ी तू खिलाड़ी की तरह हो गया है। जहां मतदाता 2003 की सूची में अपना नाम खोज रहे हैं, वहीं बीएलओ को तकनीकी जानकारी नहीं है। इधर मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी कार्यालय के अनुसार गणना पत्रक जमा करने की अंतिम तिथि 4 दिसम्बर है, जिसके बढ़ाने पर निर्वाचन आयोग विचार कर सकता है। इधर आधार कार्ड को पहचान पत्र माना गया है।
मिली जानकारी के अनुसार भाजपा कांग्रेस कार्यकर्ता इस समय एसआईआर को लेकर असंजस की स्थिति में है। यहां पर कांग्रेस कार्यकर्ताओं का कहना है कि भाजपा सत्तारूढ़ दल के कार्यकर्ता इस काम ज्यादा रूचि नहीं ले रहे हैं। इस समय राजधानी में 70 वार्ड हैं, लेकिन 2003 में मतदाता अलग-अलग वार्डों में चले गए हैं, जिसके चलते 2003 की सूची में नाम को लेकर दुविधा हुई है। शासन द्वारा शिक्षकों को बीएलओ बनाया गया है, लेकिन शिक्षक तकनीकी जानकारी से अनजान है, जिसके कारण लोग परेशान हैं। इस समय स्वामी आत्मानंद वार्ड में सबसे ज्यादा विसंगतियां आ रही है।
मूणत के वार्ड में ही हो रही गड़बडिय़ां
राजेश मूणत वर्तमान में स्वामी आत्मानंद वार्ड में रहते है, उनका मतदान क्रमांक 280 है। यहां पर बीएलओ उन्हें गणना पत्रक देना पहुंचा, लेकिन यहां पूर्व पार्षद प्रशांत बख्शी एवं शैरेन्द्रीला परगनिया इस समय कोई रूचि नहीं ले रहे हैं। वहीं चुड़ामणि वार्ड के पार्षद दीपक जायसवाल एवं डीडी नगर के पार्षद आशु चन्द्रवंशी तथा ठाकुर प्यारेलाल वार्ड के सुमन पांडे एसआईआर में नाम जुड़वाने को लेकर प्रयास कर रहे हैं। कांग्रेस कार्यकर्ता भी काभी सक्रिय हैं। गत दिनों कांग्रेस जनों ने एक ज्ञापन सौंपकर गणना पत्रक की तिथि 4 दिसम्बर से आगे बढ़ाने की मांग की है। इसके अलावा ग्रामीण शहरी तथा अन्य जिलों में यह काम चल रहा है।
सीईओ कार्यालय से मिली जानकारी के अनुसार छत्तीसगढ़ में मतदाता सूचियों के विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान का कार्य प्रदेशभर में सुचारू एवं समयबद्ध रूप से प्रगति पर है। मतदाताओं की बढ़ती सहभागिता तथा नियुक्त बीएलओ, स्वयंसेवकों, मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के बूथ स्तरीय एजेंटों (बीएलए) और निर्वाचन अधिकारियों के संयुक्त एवं समन्वित प्रयासों के फलस्वरूप गणना प्रपत्रों के संग्रहण एवं उनका डिजिटाइजेशन कार्य तीव्र गति से संपादित हो रहा है। आज गुरुवार 20 नवम्बर 2025 तक प्रदेश में लगभग 50 लाख से अधिक गणना प्रपत्रों का डिजिटाइजेशन पूर्ण हो गया हैं । ऑनलाइन एवं ऑफ लाइन दोनों माध्यमों से गणना प्रपत्र भरने के मार्गदर्शन हेतु कार्यालय मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी छत्तीसगढ़ के आधिकारिक सोशल मीडिया प्लेटफ ॉर्म—फेसबुक, ट्विटर, इंस्टाग्राम, यूट्यूब एवं व्हाट्सएप चैनल—पर विस्तृत लाइव डेमो वीडियो उपलब्ध कराए गए हैं। इन वीडियो की सहायता से कोई भी मतदाता स्वयं अपना गणना प्रपत्र आसानी से भरकर जमा कर सकता है। एसआईआर को लेकर मतदाता उपेक्षा न करें।
दीपक बैज ने कहा कि पायलट आएंगे
दीपक बैज कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि एसआईआर अभियान को लेकर सभी जिलों में निगरानी समितियां बनाई गई है। छत्तीसगढ़ प्रदेश प्रभारी सचिन पायलट भी शीघ्र आ रहे हैं। भाजपा के कार्यालय मंत्री के अनुसार विभिन्न सांसदों को इस कार्य में लगाया गया है।
आर. शर्मा
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