लखनऊ,13 दिसंबर (आरएनएस)। उत्तर प्रदेश सरकार और पुलिस विभाग द्वारा महिलाओं एवं बच्चों की सुरक्षा और सशक्तिकरण के लिए संचालित बहुप्रशंसित अभियान मिशन शक्ति 5.0 के अंतर्गत लखनऊ पुलिस कमिश्नरेट के थाना कृष्णानगर क्षेत्र में व्यापक जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। 13 दिसंबर 2025 को पिंक बूथ संख्या 11 की टीम द्वारा अवध चौराहा क्षेत्र में महिलाओं, छात्राओं और बच्चों को महिला सुरक्षा, उनके अधिकारों, महत्वपूर्ण हेल्पलाइन नंबरों, साइबर अपराध से बचाव तथा महिला कल्याण से जुड़ी सरकारी योजनाओं की जानकारी देकर जागरूक किया गया।यह जागरूकता कार्यक्रम थाना कृष्णानगर क्षेत्र के अवध चौराहे पर आयोजित किया गया, जिसका उद्देश्य महिलाओं को सुरक्षा, अधिकारों और सरकारी सहायता सेवाओं के प्रति सजग बनाना था। कार्यक्रम में स्थानीय स्तर पर मौजूद महिलाओं और बच्चों से सीधा संवाद स्थापित किया गया, ताकि वे आपात स्थितियों में सही निर्णय ले सकें और उपलब्ध संसाधनों का प्रभावी उपयोग कर सकें। मिशन शक्ति उत्तर प्रदेश पुलिस की एक प्रमुख पहल है, जिसका उद्देश्य महिलाओं और बच्चों को सुरक्षित वातावरण प्रदान करना और उन्हें आत्मनिर्भर बनाना है। इसकी नवीनतम कड़ी मिशन शक्ति 5.0 के तहत लखनऊ कमिश्नरेट में लगातार जागरूकता गतिविधियां संचालित की जा रही हैं।कार्यक्रम का संचालन महिला उपनिरीक्षक निशा के नेतृत्व में महिला हेड कांस्टेबल रेनू और महिला कांस्टेबल रीना द्वारा किया गया। इस दौरान थाना क्षेत्र की लगभग 20 से 25 महिलाओं और बच्चों को विस्तार से जानकारी दी गई। जागरूकता सत्र में आपात स्थितियों में त्वरित सहायता के लिए मुख्यमंत्री हेल्पलाइन 1076, वीमेन पावर लाइन 1090, इमरजेंसी सेवा 112, महिला हेल्पलाइन 181, साइबर अपराध हेल्पलाइन 1930, एंबुलेंस सेवा 102 और इमरजेंसी एंबुलेंस 108 के बारे में विस्तार से बताया गया। साथ ही थाना कृष्णानगर में संचालित महिला हेल्प डेस्क और महिला सुरक्षा केंद्र की भूमिका, कार्यप्रणाली और उपयोगिता को भी सरल भाषा में समझाया गया।कार्यक्रम में महिलाओं को राज्य सरकार द्वारा चलाई जा रही विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं की जानकारी भी दी गई, ताकि वे अधिक से अधिक योजनाओं का लाभ उठा सकें। साइबर अपराध के बढ़ते मामलों को देखते हुए ऑनलाइन ठगी, फर्जी कॉल, ओटीपी साझा करने से होने वाले नुकसान और सोशल मीडिया के सुरक्षित उपयोग को लेकर भी महिलाओं और बच्चों को जागरूक किया गया। कार्यक्रम के अंत में सभी उपस्थित लोगों को महत्वपूर्ण जानकारियों से युक्त पम्पलेट वितरित किए गए, जिससे उन्हें भविष्य में भी संदर्भ सामग्री उपलब्ध रह सके।इस जागरूकता कार्यक्रम का निष्कर्ष यह रहा कि स्थानीय स्तर पर पुलिस और समुदाय के बीच सीधा संवाद महिला सुरक्षा को लेकर भरोसे और आत्मविश्वास को मजबूत करता है। महिलाओं को हेल्पलाइन नंबरों और सुरक्षा केंद्रों की जानकारी मिलने से वे संकट की स्थिति में त्वरित और सही कार्रवाई कर सकेंगी। कल्याणकारी योजनाओं की जानकारी से उनके आर्थिक और सामाजिक सशक्तिकरण का मार्ग प्रशस्त हुआ है। पिंक बूथ टीम द्वारा सामुदायिक स्थल पर किया गया यह प्रयास पुलिस की संवेदनशील, सहयोगी और जनोपयोगी भूमिका को रेखांकित करता है, जिससे विशेषकर महिलाओं का पुलिस के प्रति विश्वास बढ़ता है।कुल मिलाकर, मिशन शक्ति 5.0 के तहत आयोजित यह कार्यक्रम केवल सूचना देने तक सीमित नहीं रहा, बल्कि महिला सुरक्षा को एक सामूहिक दायित्व के रूप में स्थापित करने की दिशा में एक प्रभावी पहल साबित हुआ। ऐसे नियमित और लक्षित जागरूकता कार्यक्रम समाज में सुरक्षित वातावरण के निर्माण और “सजग नागरिक, सुरक्षित समाज” की भावना को सशक्त करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं।
Login
अपनी भाषा में समाचार चुनने की स्वतंत्रता | देश की श्रेष्ठतम समाचार एजेंसी

