नई दिल्ली ,19 दिसंबर (आरएनएस)। कर्नाटक में नेतृत्व और सत्ता बंटवारे को लेकर चल रही अटकलों के बीच मुख्यमंत्री सिद्दरमैया के करीबी कांग्रेस विधायकों की एक डिनर मीटिंग ने राजनीतिक सरगर्मी बढ़ा दी है। बुधवार रात बेलगावी में आयोजित इस डिनर में 30 से अधिक कांग्रेस विधायक शामिल हुए। पार्टी सूत्रों के अनुसार, शहर के एक होटल में वरिष्ठ मंत्री सतीश जारकीहोली द्वारा आयोजित इस डिनर में बड़ी संख्या में विधायक पहुंचे। कुछ नेताओं ने इसे विधानसभा के शीतकालीन सत्र के दौरान हुई एक सामान्य सामाजिक मुलाकात बताया, जबकि कुछ का कहना है कि इसमें राजनीतिक मुद्दों पर भी चर्चा हुई।
डिनर को लेकर सतीश जारकीहोली ने कहा कि इसमें कुछ भी असामान्य नहीं था। उन्होंने स्पष्ट किया, “एक जैसी सोच रखने वाले लोगों को डिनर देना आम बात है। ऐसी मीटिंग्स पहले भी होती रही हैं। इसमें कोई खास राजनीतिक एजेंडा नहीं था।” इस बैठक में मुख्यमंत्री सिद्दरमैया के बेटे और एमएलसी यतींद्र सिद्दरमैया, पूर्व मंत्री और विधायक के. एन. राजन्ना सहित कई वरिष्ठ नेता मौजूद थे। हालांकि, मुख्यमंत्री सिद्दरमैया स्वयं इसमें शामिल नहीं हुए। सूत्रों के मुताबिक, इसकी वजह उनकी खराब सेहत बताई जा रही है।
वहीं, विधायक के. एन. राजन्ना ने मीटिंग को राजनीतिक बताया। उन्होंने कहा, “सतीश जारकीहोली ने डिनर पर सभी हमख्याल विधायकों को बुलाया था। मैं भी इसमें शामिल हुआ। कई राजनीतिक मुद्दों पर चर्चा हुई। आखिर हम सिर्फ खाने के लिए तो नहीं मिलते।” गौरतलब है कि यह डिनर एक हफ्ते पहले हुई एक अन्य हाई-प्रोफाइल मीटिंग के बाद हुआ है, जिसमें 30 से अधिक कांग्रेस विधायक और मंत्री बेलगावी के बाहरी इलाके में डिप्टी मुख्यमंत्री डी. के. शिवकुमार के साथ डिनर पर जुटे थे।
यह पूरी हलचल ऐसे समय सामने आई है जब कांग्रेस सरकार ने 20 नवंबर को अपने पांच साल के कार्यकाल का आधा समय पूरा कर लिया है। इससे नेतृत्व में संभावित बदलाव और सिद्दरमैया–शिवकुमार के बीच सत्ता साझेदारी को लेकर अटकलें और तेज हो गई हैं। हालांकि, हाल ही में दोनों नेताओं की आपसी मुलाकातों को पार्टी हाईकमान के निर्देश पर तनाव कम करने की कोशिश के रूप में देखा जा रहा है।
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