लखनऊ,07 फरवरी (आरएनएस)। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने भाजपा सरकार पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि मौजूदा सरकार ने देश के सामने बड़ा खतरा पैदा कर दिया है। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार ने अमेरिका को पांच सौ बिलियन डॉलर का व्यापार दे दिया है और खेती-बाड़ी तक सौंपने का काम किया है। देश का बाजार और अर्थव्यवस्था धीरे-धीरे दूसरे देशों के हाथों में दी जा रही है, जिसका सीधा नुकसान देश के किसानों को होगा। इससे किसान बर्बाद होंगे और खेती खतरे में पड़ जाएगी। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री को कोई व्यक्तिगत खतरा नहीं है, असली खतरा भाजपा ने देश के किसानों और आम जनता के भविष्य के सामने खड़ा किया है।कन्नौज में मीडिया से बातचीत करते हुए अखिलेश यादव ने मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) को लेकर भी भाजपा पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि एसआईआर का मुद्दा बेहद महत्वपूर्ण है और भाजपा नई पीढ़ी से घबराई हुई है। आज का युवा नौकरी और रोजगार चाहता है, लेकिन भाजपा सरकार उन्हें न तो रोजगार दे पा रही है और न ही भविष्य की कोई ठोस योजना। इसी कारण जनता को एसआईआर और वोटर लिस्ट के झंझट में उलझाया जा रहा है। कभी वोट काटे जाते हैं, कभी जोड़े जाते हैं और अपने ही माध्यमों से शिकायतें कराई जाती हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि कई ऐसे मामले सामने आए हैं, जिनमें फार्मों पर किए गए हस्ताक्षर फर्जी पाए गए हैं। अल्पसंख्यकों और पीडीए वर्ग के वोट काटने के लिए बड़ी संख्या में फर्जी फार्म-7 भरे जाने के प्रमाण लगातार मिल रहे हैं।अखिलेश यादव ने कहा कि कन्नौज में समाजवादी सरकार के दौरान बड़े पैमाने पर विकास कार्य हुए थे। जनता चाहती है कि उन्हें अच्छा इलाज मिले, सस्ती बिजली मिले, रोजगार के अवसर मिलें और अच्छी सड़कें हों। समाजवादी पार्टी का लक्ष्य जनता की सेवा करना है और सरकार बनने पर विकास कार्यों को और आगे बढ़ाया जाएगा। उन्होंने खेलों को लेकर कहा कि टेनिस क्रिकेट ऐसा खेल है, जिसे हर उम्र के लोग खेल सकते हैं। समाजवादी सरकार बनने पर कन्नौज के तिर्वा में देश का बेहतरीन स्पोर्ट्स कॉम्पलेक्स बनाया जाएगा और कन्नौज में बड़े खेल मुकाबलों का आयोजन किया जाएगा। साथ ही लखनऊ में जब भी अंतरराष्ट्रीय मैच होंगे, कन्नौज के लोगों और युवाओं को मैच दिखाने के लिए ले जाया जाएगा।विवादित फिल्म के मुद्दे पर भी अखिलेश यादव ने भाजपा सरकार को जिम्मेदार ठहराया। उन्होंने कहा कि किसी भी फिल्म या सीरियल को ओटीटी प्लेटफॉर्म पर रिलीज़ करने से पहले सरकार की अनुमति आवश्यक होती है। ऐसे में विवादित फिल्म को ओटीटी पर अनुमति भाजपा सरकार ने ही दी होगी। सवाल यह है कि सरकार ने ऐसी अनुमति क्यों दी और इसके पीछे किसकी जिम्मेदारी है।
अपनी भाषा में समाचार चुनने की स्वतंत्रता | देश की श्रेष्ठतम समाचार एजेंसी

