लखनऊ ,07 फरवरी (आरएनएस)। उत्तर प्रदेश के जल शक्ति मंत्री स्वतंत्र देव सिंह ने अलीगढ़ सर्किट हाउस सभागार में स्थानीय जनप्रतिनिधियों के साथ आयोजित प्रेस वार्ता में केंद्रीय बजट 2026-27 को विकसित भारत 2047 के लक्ष्य की दिशा में एक दूरदर्शी, समावेशी और जनकल्याणकारी बजट बताया। उन्होंने कहा कि यह बजट प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश को आत्मनिर्भर, सशक्त और आर्थिक रूप से मजबूत बनाने का ठोस रोडमैप प्रस्तुत करता है। यह केवल घोषणाओं तक सीमित न रहकर ज़मीन पर परिणाम देने वाली नीतियों के माध्यम से देश के हर वर्ग को विकास से जोडऩे वाला बजट है।स्वतंत्र देव सिंह ने कहा कि बजट में ग्रामीण भारत के उत्थान को विशेष प्राथमिकता दी गई है। महात्मा गांधी ग्राम स्वराज पहल के तहत खादी, हस्तकला, ओडीओपी, कौशल विकास और ब्रांडिंग को वैश्विक बाज़ार से जोड़कर गांवों में रोजगार के नए अवसर सृजित किए जाएंगे। पशुपालन और कृषि आधारित योजनाओं के माध्यम से किसानों की आय बढ़ाने की ठोस व्यवस्था की गई है। उन्होंने बताया कि शहरी विकास के क्षेत्र में टियर-2 और टियर-3 शहरों को विकास के नए केंद्र के रूप में विकसित किया जाएगा। आधुनिक अधोसंरचना, बेहतर परिवहन व्यवस्था और हाई-स्पीड रेल कॉरिडोर से कनेक्टिविटी मजबूत होगी, जिससे औद्योगिक निवेश और रोजगार के अवसर बढ़ेंगे। एमएसएमई और स्टार्टअप्स को सस्ती वित्तीय सहायता, ऋण गारंटी और डिजिटल प्लेटफॉर्म से जोड़कर व्यापार को सरल बनाया गया है।जल शक्ति मंत्री ने कहा कि शिक्षा, स्वास्थ्य और कौशल विकास इस बजट के प्रमुख स्तंभ हैं। नए शैक्षिक संस्थानों, एवीजीसी केंद्रों और स्वास्थ्य पेशेवरों के विस्तार से युवाओं के लिए भविष्य के अनुरूप अवसर तैयार होंगे। महिलाओं के सशक्तिकरण को केंद्र में रखते हुए शिक्षा, उद्यमिता और सुरक्षित आवास सुविधाओं को बढ़ावा दिया गया है। पर्यावरण संरक्षण और ऊर्जा आत्मनिर्भरता पर जोर देते हुए उन्होंने कहा कि स्वच्छ ऊर्जा, जल संरक्षण और जलवायु-अनुकूल परियोजनाओं के माध्यम से सतत विकास सुनिश्चित किया जाएगा। यह बजट सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास की भावना को मजबूत करते हुए भारत को वैश्विक नेतृत्व की ओर अग्रसर करेगा।स्वास्थ्य क्षेत्र को मजबूत आधार देने की दिशा में बजट में कैंसर उपचार में प्रयुक्त 17 जीवनरक्षक दवाओं को कस्टम ड्यूटी से मुक्त किया गया है, जिससे आमजन को बड़ी राहत मिलेगी और इलाज अधिक सस्ता व सुलभ होगा। इसके साथ ही जिला स्तर पर आधुनिक इमरजेंसी और ट्रॉमा सेंटर स्थापित किए जाएंगे, जिससे ग्रामीण और अर्ध-शहरी क्षेत्रों के लोगों को गंभीर इलाज के लिए बड़े शहरों की ओर नहीं जाना पड़ेगा।युवा, शिक्षा और रोजगार पर फोकस को रेखांकित करते हुए स्वतंत्र देव सिंह ने कहा कि यह बजट युवा भारत की ऊर्जा और उद्यमिता का रोडमैप है। विदेश यात्रा और विदेश में शिक्षा को पहले की तुलना में अधिक सुलभ बनाया गया है। शिक्षा के क्षेत्र में डिजिटल क्रिएटिव लैब की स्थापना से विद्यार्थियों को आधुनिक तकनीकी और रचनात्मक कौशल से जोड़ा जाएगा। एमएसएमई क्षेत्र के विकास के लिए 10 हजार करोड़ रुपये का विशेष फंड सृजित किया गया है, जिससे युवाओं को रोजगार मांगने वाला नहीं बल्कि रोजगार देने वाला बनाने की दिशा में ठोस कदम उठाए गए हैं।नारी सशक्तिकरण को विकास की धुरी बताते हुए उन्होंने कहा कि सरकार का स्पष्ट दृष्टिकोण है कि महिलाएं केवल लाभार्थी नहीं, बल्कि देश की ग्रोथ इंजन हैं। प्रत्येक जिले में बालिका छात्रावास की स्थापना का निर्णय शिक्षा और सुरक्षा दोनों दृष्टि से ऐतिहासिक कदम है। लखपति दीदी योजना के माध्यम से लाखों महिलाओं के आत्मनिर्भर बनने का मार्ग प्रशस्त होगा, वहीं महिला उद्यमियों के लिए नारी शक्ति विशेष स्टार्टअप और लघु उद्योगों को प्रोत्साहन दिया जाएगा।कृषि और ग्रामीण विकास को नई गति देते हुए उन्होंने बताया कि कृषि मंत्रालय के लिए एक लाख 40 हजार करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। ड्रोन तकनीक को खेती से जोड़कर आधुनिक कृषि को बढ़ावा दिया जा रहा है। पारंपरिक फसलों के साथ-साथ बागवानी, मत्स्य पालन और पशुपालन को प्रोत्साहित किया जाएगा। साथ ही 500 नए अमृत सरोवरों के निर्माण से जल संरक्षण और भूजल स्तर में सुधार को मजबूती मिलेगी।औद्योगिक और अधोसंरचना विकास पर बोलते हुए मंत्री ने कहा कि ‘लोकल फॉर ग्लोबलÓ की अवधारणा को और गति दी गई है। सेमीकंडक्टर, मेडिकल कॉलेज और केमिकल सेक्टर में बड़े निवेश से भारत की वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला सुदृढ़ होगी। नोएडा में सेमीकंडक्टर पार्क के विकास से उत्तर प्रदेश को विशेष लाभ मिलेगा। उन्होंने बताया कि देश में स्थापित एमएसएमई इकाइयों में सबसे अधिक 96 लाख इकाइयाँ उत्तर प्रदेश में हैं, जिससे राज्य की आर्थिक भूमिका और अधिक सशक्त होगी।2047 के विजऩ पर बात करते हुए स्वतंत्र देव सिंह ने कहा कि सरकार का लक्ष्य वर्ष 2047 तक सेवा क्षेत्र में भारत की वैश्विक भागीदारी 10 प्रतिशत तक सुनिश्चित करना है। इस लक्ष्य की प्राप्ति के लिए बजट में युवाओं, नवाचार, उद्यमिता और कौशल विकास को सर्वोच्च प्राथमिकता दी गई है। उन्होंने कहा कि केंद्रीय बजट 2026 भारत को आत्मनिर्भर, समृद्ध और वैश्विक नेतृत्व की ओर ले जाने वाला ऐतिहासिक बजट है।इस अवसर पर सांसद सतीश गौतम, जिला पंचायत अध्यक्ष विजय सिंह, विधायक इगलास राजकुमार सहयोगी, विधायक कोल अनिल पाराशर, विधायक छर्रा रवेन्द्रपाल सिंह, एमएलसी मानवेन्द्र प्रताप सिंह, ऋषिपाल सिंह सहित अन्य जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे।
अपनी भाषा में समाचार चुनने की स्वतंत्रता | देश की श्रेष्ठतम समाचार एजेंसी

