वारासिवनी/ महाकौशल ही नहीं धीरे धीरे देश के कई राज्यों मे अपना आभा मंडल बिखेर रही वारासिवनी मे आयोजित ऑल इंडिया देबधर ट्रॉफी 2026 मे हर दिन रोमांचक और शानदार मैच हो रहे है.मंगलवार 10 फरवरी को खेले गए क्वार्टर फाइनल मुकाबले में आज खेल और पत्रकारिता का अनूठा संगम देखने को मिला आज का मैच न केवल रनों की बारिश के लिए जाना गया, बल्कि चतुर्थ स्तंभ के प्रहरियों की गरिमामयी उपस्थिति ने भी आयोजन की शोभा बढ़ा दी.आज के इस विशेष मुकाबले में क्षेत्र के कई वरिष्ठ पत्रकार अतिथि के रूप में मौजूद रहे, जिनमें गणेश ठाकुर, अशफाक खान, प्रणीत शुक्ला,अनिल लिल्हाहारे, सिकंदर मिश्रा, मनीष हेड़ाऊ, विशाल गोखले, सागर देवगढ़े, सोनू मिश्रा, सचिन डोंगरे, अमित फुलमारी, विलास उरकुडें और कैलाश कसार शामिल थे। सभी ने खिलाड़ियों के खेल की सराहना की।इस अवसर पर देवधर आयोजन समिति कि सबसे महत्वपूर्ण कड़ी और मध्यप्रदेश शासन के पूर्व कैबिनेट मंत्री प्रदीप गुड्डा जायसवाल कि गरिमामय उपस्थिति रही.मैच के शुभारंभ पर आयोजन समिति द्वारा सभी अतिथि पत्रकारों का आत्मीय स्वागत किया गया खेल भावना को सर्वोपरि रखते हुए, मुकाबले की शुरुआत से पूर्व मैदान में उपस्थित सभी खिलाड़ियों, दर्शकों और अतिथियों ने एक साथ खड़े होकर राष्ट्रगान किया, जिससे पूरा स्टेडियम देशभक्ति और अनुशासन के स्वर से गुंजायमान हो उठा.उड़ीसा ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने का निर्णय लिया*। उड़ीसा की ओर से तसरीफ खान और जतिन रजक सलामी जोड़ी के रूप में मैदान पर उतरे। उड़ीसा की शुरुआत सधी हुई रही, लेकिन इटावा के गेंदबाजों ने जल्द ही दबाव बना लिया:जतिन रजक: उड़ीसा को पहला झटका 2.2 ओवर में 11 रन के स्कोर पर लगा, जब जतिन रजक मात्र 5 रन बनाकर नवनीत कुमार की गेंद पर कैच आउट हुए।तसरीफ खान: दूसरे सलामी बल्लेबाज तसरीफ खान ने 17 गेंदों में 20 रन (3 चौके) बनाए, लेकिन टीम का स्कोर जब 31 रन पहुँचा, तब वे अर्जुन त्यागी का शिकार बने।मध्यक्रम का विकेट गिरने के बाद अर्णव ने मोर्चा संभाला। उन्होंने अपनी बल्लेबाजी से दर्शकों का दिल जीत लिया और 40 गेंदों में 55 रनों की आतिशी अर्धशतकीय पारी खेली, जिसमें 9 शानदार चौके शामिल थे। उनकी इस पारी की बदौलत उड़ीसा ने 20 ओवर में 127/9 का सम्मानजनक स्कोर खड़ा किया।इटावा के गेंदबाजों ने आज क्वार्टर फाइनल के दबाव को बखूबी संभाला और सटीक गेंदबाजी की.अर्जुन त्यागी: सबसे प्रभावशाली गेंदबाज रहे, जिन्होंने अपने 4 ओवर के कोटे में 30 रन देकर उड़ीसा के 3 महत्वपूर्ण विकेट झटके।हर्ष त्यागी: इन्होंने अपनी किफायती गेंदबाजी से बल्लेबाजों को बांधे रखा और 3 ओवर में मात्र 14 रन देकर 2 विकेट अपने नाम किए।नवनीत कुमार: इन्होंने शुरुआती सफलता दिलाई और 4 ओवर में 19 रन देकर 2 विकेट लिए।अभय राज यादव: इन्होंने भी 1 ओवर में मात्र 2 रन देकर 1 विकेट हासिल किया।ओडिशा द्वारा दिए गए 128 रनों के लक्ष्य को इटावा ने मात्र 10.4 ओवरों में ही हासिल कर लिया।
मैन ऑफ द मैच हर्ष तूफानी पारी सेमी फाइनल मे पहुंचा इटावा
मैन ऑफ द मैच हर्ष त्यागी कि तूफानी पारी कि बदौलत इटावा ने सेमी फाइनल मे अपनी जगह सुरक्षित कर ली.
लक्ष्य का पीछा करने उतरी इटावा की टीम ने शुरुआत से ही आक्रामक रुख अपनाया। हालांकि, उनके शुरुआती विकेट जल्दी गिरे, लेकिन रनों की गति कम नहीं हुई:अभिषेक कुमार (5 रन) के रूप में 7 रन के कुल योग पर गिरा।दूसरा विकेट: सत्यम सांगू (9 रन) के रूप में 21 रन पर गिरा।तीसरा विकेट: उज्ज्वल यादव और हर्ष त्यागी के बीच हुई बेहतरीन साझेदारी के बाद उज्ज्वल 76 रन के स्कोर पर आउट हुए। उज्ज्वल ने मात्र 15 गेंदों में 4 छक्कों की मदद से 33 रन बनाए।
सलामी बल्लेबाज हर्ष त्यागी अंत तक टिके रहे और उन्होंने विपक्षी गेंदबाजों की जमकर धुलाई की। हर्ष ने मात्र 27 गेंदों में 6 छक्कों और 2 चौकों की मदद से नाबाद 52 रन बनाए। जतिन मेवाडा (22 रन नाबाद) ने उनका बखूबी साथ दिया।इटावा के बल्लेबाजों के सामने ओडिशा के गेंदबाज बेबस नजर आए। प्रमुख विकेट लेने वाले गेंदबाजों का विवरण इस प्रकार है:
ताराणी 3 ओवर में 37 रन देकर 1 विकेट लिया।
वैभव 2.4 ओवर में 36 रन देकर 1 विकेट हासिल किया।दीपक 1 ओवर में 18 रन देकर 1 विकेट चटकाया। इटावा की इस धमाकेदार जीत ने उन्हें टूर्नामेंट के अगले दौर में मजबूती से पहुंचा दिया है। हर्ष त्यागी को उनकी कप्तानी पारी और आक्रामक अर्धशतक के लिए सराहा जा रहा है। हर्ष त्यागी को 27 गेंद पर दो चौके छह छक्के की मदद से 52 रन बनाने के लिए मैन ऑफ़ द मेच का पुरस्कार पूर्व कैबिनेट मंत्री प्रदीप जयसवाल पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष स्मिता जायसवाल और अआयोजन समिति की हस्ते दिया गया


















