भ्रामक खबर पर आम जनता को ध्यान नहीं देने की अपील
सारंगढ़ बिलाईगढ़ 20 फरवरी 2026(आरएनएस) सीएमएचओ डॉ निराला ने जिले के स्वास्थ्य विभाग की ओर से कथित यूट्यूब चैनल में प्रकाशित फाइलेरिया की भ्रामक खबर का खंडन किया गया है, जिसमें फाइलेरिया रोधी दवा के सेवन से एक मरीज की मृत्यु होने का दावा किया गया था। विभाग ने स्पष्ट किया है कि यह खबर पूरी तरह निराधार है और मरीज की मृत्यु के पीछे के चिकित्सकीय कारण पूरी तरह अलग हैं।
जांच के मुख्य बिंदु:
हृदय घात (Heart Attack) के लक्षण: मेडिकल टीम द्वारा की गई जांच में यह पाया गया कि संबंधित मरीज को सीने में तेज दर्द और अत्यधिक पसीना आया था। चिकित्सा विज्ञान के अनुसार, ये लक्षण स्पष्ट रूप से हृदय घात (Heart Attack) की पुष्टि करते हैं जिसकी *पोस्ट मार्टम में भी पुष्टि* की किया गया है।
दवा की सुरक्षा:
IDA (Ivermectin, Diethylcarbamazine और Albendazole) का संयोजन पूरी तरह सुरक्षित और प्रमाणित है। उस क्षेत्र के अन्य सैकड़ों ग्रामीणों ने भी उसी समय दवा का सेवन किया, जिनमें से किसी को भी कोई समस्या नहीं हुई।
अफवाहों पर न दें ध्यान
स्वास्थ्य विभाग ने इस घटना को दवा से जोड़कर देखने को एक दुर्भाग्यपूर्ण भ्रांति करार दिया है।
कौन दवा ले सकता है?
2 वर्ष से अधिक उम्र के सभी व्यक्ति ले सकते हैं।
कौन दवा नही ले सकता है?
गर्भवती महिलाओं, 2 वर्ष से कम बच्चों और अति वृद्ध एव गंभीर बीमारियों वाले लोगों के।
ग्रामवासियों से अपील:
प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग सभी ग्रामवासियों से पुरजोर अपील करता है कि वे इस प्रकार की भ्रामक अफवाहों पर बिल्कुल भी ध्यान न दें। फाइलेरिया एक गंभीर और अपंग बना देने वाली बीमारी है, जिससे बचाव के लिए साल में एक बार दवा का सेवन अनिवार्य है।
सभी नागरिकों से अनुरोध है कि वे बिना किसी डर के स्वास्थ्य कर्मियों की उपस्थिति में दवा का सेवन करें और फाइलेरिया मुक्त समाज बनाने में अपना पूर्ण सहयोग दें

