मोहला, 23 फरवरी (आरएनएस)। शेयर ट्रेडिंग में अधिक मुनाफा दिलाने का झांसा देकर की गई 1.49 करोड़ रुपये की अंतर्राज्यीय साइबर ठगी का पुलिस ने पर्दाफाश किया है। इस मामले में उत्तराखंड और गुजरात में दबिश देकर छह आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। जांच के दौरान इस गिरोह का नेपाल कनेक्शन भी सामने आया है, जिसकी विस्तृत जांच जारी है।
अंबागढ़ चौकी क्षेत्र के निवासी कुनाल अग्रवाल ने इस ठगी की शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया कि 9 नवंबर से 6 दिसंबर 2025 के बीच अज्ञात लोगों ने मोबाइल के जरिए संपर्क कर उन्हें शेयर ट्रेडिंग में निवेश करने के लिए प्रेरित किया। भरोसा दिलाकर उनसे पंजाब नेशनल बैंक और एचडीएफसी बैंक खातों से कुल 1 करोड़ 49 लाख 50 हजार रुपये विभिन्न खातों में ट्रांसफर करा लिए गए।
मामले की जांच में पुलिस को पता चला कि ठगी की रकम पहले पांच अलग-अलग खातों में जमा कराई गई, फिर उसे अन्य खातों में ट्रांसफर कर एटीएम और चेक के माध्यम से निकाला गया। तकनीकी विश्लेषण से आरोपियों की लोकेशन उत्तराखंड के रुद्रपुर (उधमसिंह नगर) और गुजरात के अहमदाबाद, राजकोट व सूरत में पाई गई।
आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए दो विशेष टीमें गठित की गईं, जिन्होंने अलग-अलग स्थानों पर छापेमारी कर बैंगलोर के मनोज कुमारजी, उत्तराखंड के सनातन मंडल और योगेंद्र सिंह (दिनेशपुर), तथा गुजरात के युसुफ संधवानी, राहुल गुप्ता और गौतम भाई बागड़ा को गिरफ्तार किया।
पुलिस ने आरोपियों के पास से विभिन्न बैंकों के पासबुक, चेकबुक, एटीएम कार्ड, सात मोबाइल फोन और दस सिम कार्ड जब्त किए हैं। प्रारंभिक पूछताछ में आरोपियों के संपर्क नेपाल के काठमांडू में सक्रिय लोगों से होने के संकेत मिले हैं।
फिलहाल पुलिस गिरोह की कार्यप्रणाली, पैसों के ट्रांजेक्शन और अन्य संभावित पीडि़तों के संबंध में गहन जांच कर रही है।
0

