श्रावस्ती 2 अप्रैल। उप कृषि निदेशक सुरेन्द्र चन्द्र चैधरी ने समस्त किसान भाईयों को सूचित करते हुए बताया है कि प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के क्रियान्वयन संबधित महत्वपूर्ण निर्देश जारी किये गये है, जिसमें रू0 100 से कम प्रति कृषक प्रति मौसम क्षतिपूर्ति को तत्काल भुगतान न कर संचित रखा जायेगा तथा रू0 100 से अधिक होने पर ही भुगतान किया जायेगा। रू0 100 से कम छोटी क्षतिपूर्ति राशियों को आगामी राशियों के साथ एकीकृत कर भुगतान किया जायेगा। बीमित कृषकों को रोकी गयी क्षतिपूर्ति राशि की स्थिति तथा एक से अधिक जोखिम अथवा एक से अधिक मौसम की एकीकृत क्षतिपूर्ति के भुगतान की जानकारी की पारदर्शिता सुनिश्चित करने हेतु एस.एम.एस एवं एन.सी.आई.पी पोर्टल के माध्यम से उपलब्ध करायी जायेगी। क्षतिपूर्ति का भुगतान दो चरणों में किया जायेगा प्रथम चरण में ऐड ऑन जोखिम से संबंधित क्षतिपूर्ति तथा द्वितीय चरण में अन्तिम उपज आधारित एकीकृत क्षतिपूर्ति का भुगतान किया जायेगा। उन्होने बताया कि इस व्यवस्था का उद्देश्य भुगतान में विलम्ब कम करना, स्पष्टता बढ़ाना तथा छोटी-छोटी किस्तों में भुगतान को न्यूनतम करना है। टेंच आधारित भुगतान प्रणाली के अन्तर्गत विलम्ब पर बीमा कम्पनियों पर दण्ड लागू नहीं होगा। न्यूनतम बीमित राशि रू0 1000 प्रति कृषक प्रति फसल प्रति मौसम निर्धारित की जायेगी (खरीफ 2026 से लागू)।
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