भोपाल 12 अप्रैल (आरएनएस)।एमपी में राज्यसभा की तीन सीटों पर चुनाव होने हैं। इनमें से कांग्रेस के कब्जे वाली सीट पर दिग्विजय सिंह सांसद हैं।इस बीच राज्यसभा सीट पर उम्मीदवारी को लेकर पूर्व नेता प्रतिपक्ष डॉ. गोविंद सिंह ने कहा- सच्चाई ये है कि न तो हमें कोई चाहता है, न कुछ होना है। दिन में सपने गोविंद सिंह नहीं देखा करते।
कांग्रेस में कोई मंथन नहीं चल रहा डॉ. गोविंद सिंह ने उम्मीदवारों के नामों पर मंथन को लेकर कहा कांग्रेस अनुशासित पार्टी है, यहां कोई मंथन नहीं चल रहा है। हाईकमान को उम्मीदवार चुनने का अधिकार है। हमारी पार्टी के अध्यक्ष खरगे जी और राहुल जी जो निर्णय करेंगे, वही सर्वमान्य होगा। बीजेपी वाले तमाम लोग तोडऩे का प्रयास करेंगे, लेकिन असफल होंगे।
डॉ. गोविंद सिंह ने कहा जब पूरा निर्णय हमारे हाईकमान पर है, तो राय देना उचित नहीं है। हालांकि, हमारा मानना है कि ऐसे जनाधार वाले नेता को राज्यसभा में भेजा जाना चाहिए, जो आम जनता और पार्टी के हित में काम करे और लोगों के सुख-दुख में साथ खड़ा रहे।
उन्होंने कहा कि ऐसा प्रतिनिधि प्रदेश में सक्रिय रूप से दौरा करे और भाजपा को आगामी चुनाव में हराने के लिए संघर्ष करे।
कांग्रेस से राज्यसभा के लिए ये नेता दावेदार पूर्व सीएम कमलनाथ, पूर्व सांसद मीनाक्षी नटराजन, पूर्व केन्द्रीय मंत्री अरुण यादव, पूर्व मंत्री कमलेश्वर पटेल, पूर्व मंत्री सज्जन सिंह वर्मा, एससी कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष प्रदीप अहिरवार के अलावा करीब एक दर्जन नेता राज्यसभा जाने के लिए प्रयासरत हैं।
दिग्विजय और जीतू कर चुके हैं इनकार पूर्व सीएम और मौजूदा राज्यसभा सांसद दिग्विजय सिंह और एमपी कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी राज्यसभा की रेस से खुद को अलग कर चुके हैं।

