रायपुर 14 अप्रैल (आरएनएस) ग्रामीण पुलिस ने एक अनोखी पहल करते हुए 13 अप्रैल को थाना राखी को बच्चों के लिए खुला ज्ञान केंद्र बना दिया, जहां नया रायपुर स्थित क्रिस्टल हाउस स्कूल के 50 से अधिक छात्र-छात्राएं शैक्षणिक भ्रमण पर पहुंचे और पुलिसिंग की उस दुनिया को करीब से देखा जिसे आमतौर पर लोग सिर्फ खबरों या फिल्मों में ही देखते हैं, थाना परिसर में पहुंचते ही छात्रों का आत्मीय स्वागत हुआ और फिर शुरू हुआ असली अनुभव, थाना प्रभारी और पुलिस टीम ने बच्चों को सीधे मालखाना, रिकॉर्ड रूम, कंट्रोल रूम और लॉकअप तक ले जाकर हर उस हिस्से से रूबरू कराया जहां से कानून व्यवस्था की असली कहानी लिखी जाती है, बच्चों को बताया गया कि एफआईआर कैसे दर्ज होती है, अपराध की जांच किस तरह आगे बढ़ती है, पुलिस किस तरह हर छोटी-बड़ी सूचना को जोड़कर केस सुलझाती है और कैसे आम जनता के सहयोग से कानून व्यवस्था मजबूत होती है, इस दौरान साइबर क्राइम, सड़क सुरक्षा, महिला सुरक्षा और इमरजेंसी सेवाओं पर भी विस्तार से जागरूक किया गया, छात्रों ने भी पीछे नहीं हटते हुए जमकर सवाल किए और पुलिस अधिकारियों ने बेहद आसान और प्रभावी भाषा में हर जिज्ञासा का जवाब दिया जिससे माहौल एकदम इंटरएक्टिव और सीख से भरपूर बन गया, इस पहल का सबसे बड़ा असर यह रहा कि बच्चों के मन में पुलिस को लेकर जो डर या भ्रम होता है वह खत्म होता नजर आया और उसकी जगह समझ, भरोसा और सम्मान ने ले ली, कार्यक्रम का मकसद साफ था—नई पीढ़ी को कानून की समझ देना और उन्हें जिम्मेदार नागरिक बनने की दिशा में प्रेरित करना, अंत में स्कूल के शिक्षकों और छात्रों ने पुलिस के इस प्रयास की सराहना की और भविष्य में ऐसे कार्यक्रम लगातार होते रहने की उम्मीद जताई, कुल मिलाकर यह पहल सिर्फ एक भ्रमण नहीं बल्कि एक ऐसा अनुभव साबित हुआ जिसने बच्चों को कानून की किताबों से निकालकर हकीकत की दुनिया में ला खड़ा किया—और यही जागरूकता आगे चलकर समाज को सुरक्षित और मजबूत बनाएगी।


