रायपुर 19 अप्रैल (आरएनएस) पुलिस कमिश्नरेट ने एक ऐसी पहल की जिसने वर्दी के पीछे खड़ी परिवार की ताकत को सीधे सुरक्षा और संवेदनशीलता का संदेश दिया, 19 अप्रैल 2026 को अमलीडीह स्थित पुलिस आवासीय परिसर में छत्तीसगढ़ पुलिस और बालको मेडिकल सेंटर के संयुक्त तत्वावधान में महिलाओं के लिए निःशुल्क स्वास्थ्य शिविर लगाया गया, जहां 1080 परिवारों की कॉलोनी में रहने वाली महिलाओं के लिए पहली बार इतनी व्यापक स्वास्थ्य सुविधा एक ही जगह उपलब्ध कराई गई, इस शिविर में करीब 200 महिलाओं का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया और कई मामलों में गंभीर बीमारियों की शुरुआती पहचान भी हुई, जांच के दौरान 16 महिलाओं को आगे इलाज के लिए रेफर किया गया, 42 महिलाओं को रिसर्च प्रॉस्पेक्ट के लिए चुना गया और 13 महिलाओं को कैंसर जागरूकता पर विशेष परामर्श दिया गया, शिविर की सबसे बड़ी खासियत रही राज्य की एकमात्र अत्याधुनिक कैंसर टेस्टिंग वैन, जिसने मौके पर ही पैप स्मीयर और मैमोग्राफी जैसी जांचें संभव कर दीं, कार्यक्रम का शुभारंभ पुलिस महानिदेशक अरुण देव गौतम की धर्मपत्नी एवं समाजसेविका ज्योति गौतम और पुलिस कमिश्नर डॉ संजीव शुक्ला ने किया, जिन्होंने महिलाओं के लिए नियमित स्वास्थ्य जांच और समय पर उपचार को बेहद जरूरी बताया, विशेषज्ञ टीम में डॉ भावना सिरोही, डॉ नीलिमा दास, डॉ मनीष टावरी, डॉ पायल पटेल सहित कई डॉक्टरों ने अपनी सेवाएं दीं, इस पूरे आयोजन में छत्तीसगढ़ पुलिस ऑफिसर्स वाइफ्स एसोसिएशन की सक्रिय भागीदारी रही और पुलिस परिवार की महिलाओं का मनोबल बढ़ाया गया, यह शिविर सिर्फ एक स्वास्थ्य जांच नहीं बल्कि एक मजबूत संदेश था कि सुरक्षा देने वाली पुलिस अब अपने परिवार की सेहत को भी उतनी ही प्राथमिकता दे रही है—क्योंकि समय पर जांच ही जिंदगी बचाने का सबसे बड़ा हथियार है।


