रुद्रपुर,20 मई (आरएनएस)। केमिस्ट एंड ड्रगिस्ट एसोसिएशन के आह्वान पर बुधवार को सितारगंज, नानकमत्ता और शक्तिफार्म में मेडिकल स्टोर बंद रहे। हड़ताल के दौरान आवश्यक जीवनरक्षक दवाओं की उपलब्धता बनाए रखने के लिए कुछ मेडिकल स्टोर खुले रखे गए। दवा व्यापारियों ने प्रधानमंत्री को मांगपत्र भेजकर अवैध ऑनलाइन दवा बिक्री पर रोक लगाने, जनस्वास्थ्य पर मंडरा रहे खतरे को देखते हुए हस्तक्षेप करने और छोटे केमिस्टों को संरक्षण देने की मांग की। सितारगंज में मेडिकल स्टोर बंद कर दवा व्यापारियों ने सरकार और संबंधित विभागों के खिलाफ नाराजगी जताई। वक्ताओं ने कहा कि उनकी समस्याएं लंबे समय से लंबित हैं। उन्होंने कहा कि दवा व्यापारी स्वास्थ्य व्यवस्था की महत्वपूर्ण कड़ी हैं, लेकिन उनकी मांगों की लगातार अनदेखी की जा रही है।
यहां संरक्षक संजय जिंदल, अध्यक्ष जोगा सिंह, महामंत्री राकेश मित्तल, कोषाध्यक्ष नरेंद्र अग्रवाल, यश अरोरा, बलविंदर संधू, मनोज जिंदल, विनोद बजाज, नीरज जिंदल और हामिद अली मौजूद रहे। वहीं, शक्तिफार्म में भी मेडिकल स्टोर बंद रहे। यहां कृपा सिंधु हीरा, पंकज कुमार, सुदाम मंडल, नरेश अरोरा और संजय सिंह मौजूद रहे। मेडिकल स्टोर बंद रहने से मरीजों को दवाइयों के लिए काफी परेशानी उठानी पड़ी।
खटीमा में केमिस्टों ने किया प्रदर्शन: खटीमा में दवा विक्रेताओं ने ऑनलाइन दवा बिक्री और जनस्वास्थ्य पर बढ़ते खतरे के खिलाफ प्रदर्शन किया। उन्होंने अपने मेडिकल स्टोर बंद रखे और मुख्य चौक पर प्रदर्शन किया। केमिस्ट एंड ड्रगिस्ट्स एसोसिएशन ने प्रधानमंत्री को ज्ञापन सौंपा, जिसमें उनकी चिंताओं का उल्लेख किया गया। ज्ञापन देने वालों में जीडी जोशी, महामंत्री हरीश शर्मा, कोषाध्यक्ष अतुल अरोरा, संरक्षक टीडी कांडपाल, विपिन गोयल, विक्रम गुलाटी, दलजीत खिण्डा, सूरज गंगवार, उमेश कापड़ी, रूप सिंह, उत्तम विश्वास, देवेश कुमार, गिरीश जोशी, यश गोले, विकास गोयल आदि मौजूद रहे।
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