रायगढ़ 31 मई (आरएनएस) जिले में अवैध शराब कारोबारियों के खिलाफ पुलिस का शिकंजा लगातार कसता जा रहा है। “ऑपरेशन आघात” के तहत धरमजयगढ़ और खरसिया पुलिस ने ऐसी ताबड़तोड़ कार्रवाई की कि महुआ शराब का अवैध कारोबार कर रहे दो आरोपी सीधे कानून के शिकंजे में पहुंच गए। दो अलग-अलग स्थानों पर हुई रेड में कुल 40 लीटर कच्ची महुआ शराब बरामद की गई और दोनों आरोपियों के खिलाफ आबकारी अधिनियम के तहत सख्त कार्रवाई की गई।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह के निर्देशन में जिलेभर में चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत धरमजयगढ़ पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली कि दुर्गापुर में एक युवक अपने घर की बाड़ी में भारी मात्रा में महुआ शराब रखकर बिक्री कर रहा है। सूचना की पुष्टि होते ही थाना प्रभारी निरीक्षक राजेश जांगड़े के नेतृत्व में पुलिस टीम ने दबिश दी। पुलिस को देखते ही वहां मौजूद शराब पीने वाले लोग मौके से भाग निकले, जबकि अनिल कुमार शर्मा पिता कैलाश शर्मा, उम्र 21 वर्ष, निवासी चांदपुरा खुर्द, जिला खगड़िया (बिहार), हाल मुकाम दुर्गापुर को मौके पर पकड़ा गया। पूछताछ में उसने अवैध शराब बिक्री की बात स्वीकार कर ली। उसके कब्जे से 25 लीटर कच्ची महुआ शराब, जिसकी कीमत लगभग 2,500 रुपये है, जब्त की गई।
इधर खरसिया पुलिस को मालधक्का रोड क्षेत्र में अवैध शराब बिक्री की सूचना मिली। चौकी प्रभारी त्रिनाथ त्रिपाठी के नेतृत्व में पुलिस टीम ने घेराबंदी कर मनोज धर्मा, उम्र 32 वर्ष, निवासी मौहापाली को 15 लीटर महुआ शराब के साथ पकड़ लिया। आरोपी के कब्जे से लगभग 3,000 रुपये मूल्य की शराब बरामद हुई। उसके खिलाफ आबकारी एक्ट की धारा 34(2) एवं 59(क) के तहत मामला दर्ज कर न्यायालय में पेश किया गया।
बहरहाल, रायगढ़ पुलिस का संदेश साफ है कि नशे के कारोबार से जुड़े लोगों पर “ऑपरेशन आघात” का प्रहार लगातार जारी रहेगा। गौरतलब है कि अवैध शराब केवल कानून नहीं तोड़ती, बल्कि समाज में अपराध और पारिवारिक विघटन की जड़ भी बनती है।

