वाशिंगटन,12 जून। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि अमेरिका ने ईरान के साथ युद्ध खत्म कर दिया है। उन्होंने एक ‘महान समझौते’ की घोषणा की है, जिससे अमेरिका-ईरान संघर्ष का समाधान होगा और होर्मुज जलडमरूमध्य फिर से खुल जाएगा। हालांकि, ईरानी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने कहा कि उनके देश ने अभी तक किसी भी समझौते पर अंतिम फैसला नहीं लिया है। आइए जानते हैं प्रस्ताविस समझौते में क्या-क्या शामिल है।
प्रस्तावित समझौते के केंद्र में होर्मुज जलडमरूमध्य है, जिसके बंद होने से वैश्विक अर्थव्यवस्था पर खासा प्रभाव पड़ा है। दुनिया के तेल व्यापार का लगभग 5वां हिस्सा इसी से होकर गुजरता है।
रिपोर्ट के अनुसार, ईरान 30 दिनों के भीतर जलडमरूमध्य को पूरी तरह से खोलने और बिना किसी प्रतिबंध, टोल या अन्य बाधाओं के वाणिज्यिक जहाजों की आवाजाही की अनुमति देने पर सहमत हुआ है। दोनों देशों में बातचीत के दौरान ये अहम मुद्दा था।
अमेरिका ईरान पर लगाए गए आर्थिक प्रतिबंधों में कुछ ढील देगा।
रिपोर्ट के मुताबिक, समझौते के तहत ईरान पर लगे तेल प्रतिबंध हटा दिए जाएंगे, जो ईरान की अर्थव्यवस्था पर पड़ रहे आर्थिक दबाव को खत्म करने की दिशा में एक बड़ा कदम है। प्रतिबंधों में ढील से ईरान को तेल निर्यात बढ़ाने, अंतरराष्ट्रीय वित्तीय प्रणालियों तक पहुंच प्राप्त करने और प्रतिबंधित आर्थिक गतिविधियों को फिर से शुरू करने में मदद मिल सकती है।
रिपोर्ट के मुताबिक, ईरान परमाणु हथियार न बनाने की प्रतिबद्धता जताएगा और अपने समृद्ध यूरेनियम भंडार के भविष्य को लेकर चर्चा में शामिल होगा। रिपोर्ट के अनुसार, इन प्रावधानों का उद्देश्य ऐसे सिद्धांत स्थापित करना है जो भविष्य की वार्ताएं आगे बढ़ सकें। दोनों देशों के बीच ये सबसे विवादस्पद मुद्दों में से एक है। भविष्य में होने वाली चर्चाओं के दौरान यूरेनियम संवर्धन स्तर, निरीक्षण और सत्यापन तंत्र जैसे मुद्दों पर चर्चा होगी।
रिपोर्ट के अनुसार, सबसे महत्वपूर्ण रियायतों में से एक ईरान के आसपास के क्षेत्रों से अमेरिकी सेना और सैन्य संपत्तियों को वापस लेने की सहमति है। रिपोर्टों के अनुसार, यह कदम अमेरिका की क्षेत्रीय नीति में एक बड़ा बदलाव लाएगा और ईरान की सीमाओं के पास अमेरिकी सैन्य उपस्थिति को कम करने की लंबे समय से चली आ रही मांग को पूरा करेगा। इसके अलावा दोनों देश युद्धविराम को और 60 दिनों के लिए बढ़ाने पर सहमत होंगे।
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