बिजली कंपनी का दफ्तर घेर कर पुतला फूंका कांग्रेस ने।
केशव सल्होत्रा
जगदलपुर 17 जून 2026 (आरएनएस) प्रदेश कांग्रेस कमेटी के निर्देश पर बस्तर जिला कांग्रेस कमेटी शहर अध्यक्ष सुशील मौर्य व ग्रामीण अध्यक्ष प्रेमशंकर शुक्ला के नेतृत्व में कांग्रेस पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं ने भाजपा की साय सरकार द्वारा प्रदेश में बिजली दरों में की गई बेतहाशा वृद्धि के विरोध में विरोध प्रदर्शन किया। इस दौरान मुख्यमंत्री का पुतला दहन कर बिजली विभाग कार्यालय का घेराव कर संबंधित अधिकारी को राज्यपाल के नाम ज्ञापन सौंप भाजपा सरकार के जनविरोधी निर्णय के खिलाफ अपना आक्रोश व्यक्त किया।
इस अवसर पर बस्तर जिला कांग्रेस कमेटी शहर अध्यक्ष सुशील मौर्य ने भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि प्रदेश की साय सरकार से शासन और प्रशासन संभल नहीं रहा है। महंगाई, बेरोजगारी और आर्थिक संकट से जूझ रही जनता को राहत देने के बजाय भाजपा सरकार लगातार जनविरोधी निर्णय लेकर आम नागरिकों की जेब पर डाका डाल रही है। उन्होंने कहा कि बिजली जैसी मूलभूत आवश्यकता पर लगातार बढ़ता आर्थिक बोझ जनता के साथ अन्याय है। भाजपा सरकार ने बिजली दरों में वृद्धि कर मध्यम वर्ग, गरीब परिवारों, छोटे व्यवसायियों तथा किसानों की कमर तोड़ने का काम किया है।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार के कार्यकाल में जनता को राहत देने की दिशा में अनेक कदम उठाए गए थे। वहीं वर्तमान भाजपा सरकार जनता को राहत देने के बजाय हर क्षेत्र में आर्थिक बोझ बढ़ाने का काम कर रही है। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार द्वारा बिजली दरों में की गई वृद्धि सीधे तौर पर घरेलू एवं गैर-घरेलू उपभोक्ताओं के साथ-साथ किसानों पर आर्थिक हमला है। उन्होंने बताया कि घरेलू उपभोक्ताओं के लिए बिजली दरों में 30 से 50 पैसे प्रति यूनिट तक की वृद्धि की गई है, जबकि गैर-घरेलू उपभोक्ताओं के लिए 20 से 40 पैसे प्रति यूनिट तक दरें बढ़ाई गई हैं। इतना ही नहीं, किसानों के कृषि विद्युत शुल्क में भी 40 पैसे प्रति यूनिट की वृद्धि कर दी गई है। जिसका कांग्रेस पार्टी पुरजोर विरोध करती है।कांग्रेस पार्टी चेतावनी देती है यदि बिजली दरों में की गई वृद्धि वापस नहीं ली गई तो कांग्रेस पार्टी प्रदेशभर में चरणबद्ध एवं उग्र आंदोलन करने के लिए बाध्य होगी, जिसकी सम्पूर्ण जिम्मेदारी राज्य सरकार की होगी।ग्रामीण जिला कांग्रेस अध्यक्ष प्रेमशंकर शुक्ला ने कहा कि प्रदेश का किसान पहले से ही खेती की बढ़ती लागत,खाद-बीज एवं डीजल किल्लत से परेशान है। ऐसे समय में कृषि विद्युत दरों में वृद्धि किसानों की मेहनत और आय पर सीधा प्रहार है।भाजपा सरकार की गलत आर्थिक नीतियों का खामियाजा प्रदेश की जनता और किसानों को भुगतना पड़ रहा है। एक ओर बेरोजगारी और महंगाई चरम पर है, वहीं दूसरी ओर बिजली, पानी और अन्य आवश्यक सेवाओं की दरों में लगातार वृद्धि कर जनता को परेशान किया जा रहा है। कांग्रेस पार्टी इस जनविरोधी निर्णय का पुरजोर विरोध करती है और मांग करती है कि बढ़ाई गई बिजली दरों को तत्काल वापस लिया जाए।इस दौरान पूर्व विधायक रेखचंद जैन,नेता प्रतिपक्ष राजेश चौधरी,कविता साहू,कोमल सेना,विक्रम सिंह डांगी,जिला उपाध्यक्ष अतिरिक्त शुक्ला, रविशंकर तिवारी,लता निषाद,वीरेंद्र परिहार,अनवर खान,महामंत्री अभिषेक नायडू,जाहिद हुसैन, प्रशांत जैन,अनुराग महतो,नीतीश शर्मा, कौशल नागवंशी, यूंका अध्यक्ष निकेत राज झा, एनएसयूआई अध्यक्ष विशाल खंबारी,राजेंद्र पटवा,रोजविन दास,मनोज साहनी, संतोष यादव,हेमू उपाध्याय,सहदेव नाग, बबली खान,ब्लॉक अध्यक्ष बलराम यादव,सूर्यापानी, संतोष सेठिया,धनुर्जय, मोती कश्यप,मुकुंद नेताम,सोनाधर बघेल,शिवराम बिसाई, महादेव नाग,गणेश भारती,प्रेम शेट्टी,वीरेंद्र साहनी,नीलू राम,भोजराज नाग,प्रणय शील,बलराम कोकडू,अंजना नाग,पार्षद सुशीला बघेल,शुभम यदू,लोकेश चौधरी,जस्टिन भवानी,कमलेश पाठक,एस नीला,विक्रांत सिंह,तरनजीत सिंह, शादाब अहमद,मोहसिन खान मौजूद रहे।


