बिलासपुर, 02 जुलाई (आरएनएस)। बिलासपुर रेंज के पुलिस महानिरीक्षक रामगोपाल गर्ग ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से रेंज के सभी जिलों के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षकों एवं पुलिस अधीक्षकों की समीक्षा बैठक ली। बैठक में कानून-व्यवस्था, एनडीपीएस मामलों, न्यायालयीन समन-वारंट की तामीली तथा मुख्यमंत्री हेल्पलाइन में प्राप्त शिकायतों के समयबद्ध निराकरण की समीक्षा की गई।
० एनडीपीएस मामलों में फरार आरोपियों पर फोकस
आईजी ने एनडीपीएस एक्ट के तहत लंबित मामलों की समीक्षा करते हुए उन प्रकरणों पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए, जिनमें आरोपी अब तक गिरफ्तार नहीं हुए हैं। उन्होंने प्रत्येक जिले को ऐसे मामलों में अलग कार्ययोजना बनाकर फरार आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। जिन मामलों में आरोपियों की फरारी के दौरान चालान पेश हो चुका है, उनमें न्यायालय से वारंट जारी कराकर उसकी प्रभावी तामीली सुनिश्चित करने को कहा गया। आईजी ने पुलिस अधीक्षकों को अंतर्राज्यीय समन्वय बढ़ाने, नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो और एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स से जानकारी साझा करने, फरार आरोपियों के बैंक खाते, पैन, आधार और मोबाइल सहित तकनीकी व वित्तीय जानकारी जुटाने तथा इनपुट का उपयोग कर गिरफ्तारी अभियान तेज करने के निर्देश दिए। साथ ही गिरफ्तार सह-आरोपियों से पूछताछ कर फरार आरोपियों के ठिकानों का पता लगाने पर भी जोर दिया गया।

० समन-वारंट की तामीली में लापरवाही पर जताई नाराजगी
बैठक में न्यायालय द्वारा जारी समन और वारंट की तामीली की भी समीक्षा की गई। आईजी ने गंभीर मामलों में गवाहों, डॉक्टरों और पुलिस अधिकारियों के विरुद्ध जारी वारंटों की समय पर तामीली नहीं होने पर नाराजगी जताई। उन्होंने सभी पुलिस अधीक्षकों को व्यक्तिगत निगरानी में वारंटों की तामीली कराने और आवश्यकता होने पर वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से गवाही सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि भविष्य में न्यायालय से लंबित समन-वारंट रेंज कार्यालय को भेजे जाते हैं तो संबंधित थाना प्रभारी और नोडल राजपत्रित अधिकारी की जवाबदेही तय की जाएगी।
० मुख्यमंत्री हेल्पलाइन शिकायतों का समय पर निराकरण करने के निर्देश
आईजी रामगोपाल गर्ग ने मुख्यमंत्री हेल्पलाइन के माध्यम से प्राप्त शिकायतों के समयबद्ध निराकरण पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि निर्धारित समय सीमा में शिकायतों का समाधान सुनिश्चित किया जाए। यदि किसी थाना स्तर पर लापरवाही के कारण शिकायत उच्च स्तर पर पहुंचती है तो संबंधित थाना प्रभारी के खिलाफ शो-कॉज नोटिस जारी कर कार्रवाई की जाए।
० कानून-व्यवस्था पर सतत निगरानी रखने के निर्देश
बैठक के अंत में आईजी ने सभी पुलिस अधीक्षकों को निर्देश दिया कि वे इन आदेशों की स्वयं निगरानी करें और जिलों में कानून-व्यवस्था, सराफा बाजारों की नियमित जांच तथा पिकेट पॉइंट्स पर सतत चेकिंग सुनिश्चित करें। उन्होंने अगले माह एनडीपीएस मामलों की पुन: समीक्षा करने की भी घोषणा की। बैठक में बिलासपुर, रायगढ़, मुंगेली, कोरबा, जांजगीर-चांपा, सक्ती, गौरेला-पेंड्रा-मरवाही और सारंगढ़-बिलाईगढ़ सहित रेंज के सभी जिलों के पुलिस अधिकारी, थाना प्रभारी तथा समन-वारंट एवं मुख्यमंत्री हेल्पलाइन शाखा के नोडल अधिकारी उपस्थित रहे।
बंछोर
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