रायपुर, 3 जुलाई 2026 (आरएनएस) उत्तराखंड की देवभूमि और छत्तीसगढ़ के बीच वैचारिक, सांस्कृतिक और विकासात्मक सहयोग को नई दिशा देने की पहल उस समय देखने को मिली, जब देहरादून स्थित मुख्यमंत्री आवास में उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने छत्तीसगढ़ के मीडिया प्रतिनिधियों और जनसंपर्क विभाग के अधिकारियों से आत्मीय मुलाकात की। इस दौरान दोनों राज्यों के बीच विकास, संस्कृति, पर्यावरण संरक्षण और पत्रकारिता से जुड़े विभिन्न विषयों पर विस्तार से चर्चा हुई।
बैठक में मुख्यमंत्री धामी ने उत्तराखंड सरकार के “विकास भी, विरासत भी” के विजन को सामने रखते हुए बताया कि राज्य के नैनीताल, गढ़वाल और कुमाऊं क्षेत्रों के लिए अलग-अलग विकास प्राधिकरण गठित किए गए हैं। इनका उद्देश्य क्षेत्रीय संतुलित विकास, आधुनिक सुविधाओं का विस्तार और सांस्कृतिक विरासत का संरक्षण सुनिश्चित करना है। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड केवल प्राकृतिक सौंदर्य का प्रदेश नहीं, बल्कि ऋषि-मुनियों और संतों की तपोभूमि है, जिसकी आध्यात्मिक पहचान और प्राकृतिक संसाधनों का संरक्षण आने वाली पीढ़ियों के लिए बेहद आवश्यक है।
मुख्यमंत्री धामी ने चर्चा के दौरान छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की पत्रकार हितैषी सोच और मीडिया कल्याण से जुड़ी पहल की सराहना की। उन्होंने इस अंतर्राज्यीय भ्रमण कार्यक्रम के सफल आयोजन के लिए मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव सुबोध सिंह तथा संयुक्त सचिव एवं आयुक्त जनसंपर्क रजत बंसल की भूमिका की भी प्रशंसा की। उनका कहना था कि ऐसे अध्ययन भ्रमण लोकतंत्र के चौथे स्तंभ को मजबूत करने के साथ-साथ राज्यों के बीच अनुभवों और विचारों के आदान-प्रदान का प्रभावी माध्यम बनते हैं।
भेंट के दौरान मुख्यमंत्री धामी ने छत्तीसगढ़ सहित देशभर के मीडिया प्रतिनिधियों को अगले वर्ष हरिद्वार महाकुंभ में शामिल होने का विशेष आमंत्रण भी दिया। उन्होंने कहा कि देश के विभिन्न राज्यों के पत्रकार यदि कुंभ की व्यवस्थाओं, आध्यात्मिक वातावरण और सांस्कृतिक विरासत को स्वयं देखेंगे तो वे उसके वास्तविक स्वरूप को देशभर के लोगों तक प्रभावी ढंग से पहुंचा सकेंगे।
इस अवसर पर दुर्ग, रायपुर, कोरबा, जगदलपुर, बिलासपुर, राजनांदगांव, कोरिया और धमतरी सहित छत्तीसगढ़ के विभिन्न जिलों से पहुंचे मीडिया प्रतिनिधियों ने कार्यक्रम में भाग लिया। जनसंपर्क संचालनालय के अधिकारियों के साथ उत्तराखंड सूचना एवं जनसंपर्क विभाग के निदेशक बंशीधर तिवारी, मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव पांडे, संयुक्त संचालक के.एस. चौहान तथा अन्य विभागीय अधिकारी भी उपस्थित रहे।
यह मुलाकात केवल एक औपचारिक भेंट नहीं रही, बल्कि देवभूमि उत्तराखंड और छत्तीसगढ़ के बीच विकास, संस्कृति, पर्यटन और मीडिया सहयोग को नई ऊंचाई देने वाला सार्थक संवाद साबित हुई। आने वाले समय में ऐसे प्रयास दोनों राज्यों के संबंधों को और अधिक मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।

