दिल्ली 07 Jully (rns) । विश्व हिंदू परिषद (विहिप) ने अयोध्या के राम मंदिर चढ़ावा घोटाले की निष्पक्ष और गहन जांच की मांग उठाई है। विहिप के अंतरराष्ट्रीय अध्यक्ष आलोक कुमार ने ‘अमर उजाला डॉट कॉम’ के विशेष कार्यक्रम ‘खरी बात’ में दोटूक कहा कि इस पूरे प्रकरण की ऐसी गंभीर जांच होनी चाहिए, जिसके दायरे से कोई भी रसूखदार व्यक्ति या पहलू बाहर न छूट पाए। हालांकि, उन्होंने मंदिर के प्रबंधन को सरकारी हाथों में सौंपने के विचार का कड़ा विरोध किया है। उनका मानना है कि सरकारी व्यवस्थाओं में भी अनियमितताओं की आशंका बनी रहती है। विहिप के अनुसार, राम मंदिर तीर्थक्षेत्र ट्रस्ट की ओर से इस मामले में कोई कोताही नहीं बरती गई है, क्योंकि ट्रस्ट ने खुद ही तत्परता दिखाते हुए पुलिस में एफआईआर दर्ज कराई और जांच में सहयोग कर रहा है।
चंपत राय और जमीन खरीद विवाद पर विहिप का रुख
ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय पर लग रहे आरोपों को लेकर आलोक कुमार ने कहा कि अभी यह प्रमाणित होना बाकी है कि उन पर उठाए जा रहे सवाल कितने सही हैं। जमीन खरीद में सामने आई कथित गड़बड़ियों पर उन्होंने साफ किया कि यह पूरा विषय एसआईटी (SIT) की एफआईआर और जांच के दायरे में है, इसलिए अंतिम रिपोर्ट आने से पहले कुछ भी कहना जल्दबाजी होगी। उन्होंने यह भी जोड़ा कि इस विषय में उनके पास कुछ तथ्यात्मक जवाब मौजूद हैं, लेकिन उन्हें सार्वजनिक करने का यह सही समय नहीं है

