नई दिल्ली 13 Nov, (Rns) : राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने अल-कायदा गुजरात आतंकी साजिश मामले में गुरुवार को पांच राज्यों में एक साथ छापेमारी की कार्रवाई की। जांच एजेंसी को शक है कि इस साजिश में अवैध रूप से रह रहे बांग्लादेशी नागरिकों की भूमिका हो सकती है। एनआईए ने कुल 10 स्थानों पर तलाशी ली। एजेंसी के प्रवक्ता के अनुसार, बुधवार को पश्चिम बंगाल, त्रिपुरा, मेघालय, हरियाणा और गुजरात में संदिग्धों और उनके सहयोगियों से जुड़े ठिकानों पर छापेमारी की गई।
NIA conducts raids in five states in search of Al Qaeda-linked terrorists; Bangladeshis living illegally in the country are on radar : अधिकारियों ने बताया कि तलाशी के दौरान कई डिजिटल उपकरण और दस्तावेज बरामद किए गए हैं, जिन्हें अब फोरेंसिक जांच के लिए भेजा गया है। यह मामला वर्ष 2023 में दर्ज किया गया था, जिसमें चार बांग्लादेशी नागरिकों — मोहम्मद सोजिब मियां, मुन्ना खालिद अंसारी, अजरुल इस्लाम और अब्दुल लतीफ — के नाम सामने आए थे।
एनआईए का कहना है कि ये आरोपी प्रतिबंधित आतंकी संगठन अल-कायदा से जुड़े हुए थे। वे बांग्लादेश में सक्रिय आतंकियों के लिए धन जुटाने और उसे वहां तक पहुंचाने में शामिल थे। साथ ही, ये लोग मुस्लिम युवाओं को कट्टरपंथ की राह पर ले जाने के प्रयासों में भी लगे हुए थे। इस मामले में एनआईए ने 10 नवंबर 2023 को अहमदाबाद की एक विशेष अदालत में आरोप पत्र दाखिल किया था।
इसी क्रम में, महाराष्ट्र एटीएस ने भी हाल ही में पुणे के एक सॉफ्टवेयर इंजीनियर को अल-कायदा और ‘अल-कायदा इन द इंडियन सबकॉन्टिनेंट’ (AQIS) से संबंध होने के आरोप में गिरफ्तार किया है। इसके बाद ठाणे के एक शिक्षक से भी पूछताछ की गई। एटीएस ने 27 अक्टूबर को 37 वर्षीय जुबैर हंगरगेकर को हिरासत में लिया था। उस पर आरोप है कि वह प्रतिबंधित संगठनों से जुड़ा हुआ था और कट्टरपंथ फैलाने की गतिविधियों में सक्रिय भूमिका निभा रहा था।

