बिलासपुर 22 नवम्बर 2025(आरएनएस) भारत निर्वाचन आयोग और मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी, छत्तीसगढ़ ने राज्य के सभी मतदाताओं को सतर्क करते हुए स्पष्ट किया है कि मतदाता सूचियों के विशेष गहन पुनरीक्षण से जुड़े किसी भी कार्य के लिए आयोग कभी भी मोबाइल फोन पर ओटीपी (वन टाइम पासवर्ड) या किसी भी प्रकार की निजी जानकारी नहीं मांगता। जारी प्रेस विज्ञप्ति में कहा गया है कि यदि किसी व्यक्ति द्वारा फोन कॉल या संदेश के माध्यम से ओटीपी या निजी विवरण मांग जाता है, तो मतदाता उसे किसी भी परिस्थिति में साझा न करें। यह पूरी तरह से फर्जी और भ्रामक गतिविधि है। निर्वाचन आयोग ने मतदाताओं से अपील की है कि सर से संबंधित समस्त जानकारी और सेवाएँ केवल मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी, छत्तीसगढ़ के अधिकृत माध्यमों से ही प्राप्त करें। मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने स्पष्ट किया है कि आयोग की ओर से मतदाताओं को सुरक्षित और पारदर्शी प्रक्रिया उपलब्ध कराने के लिए सभी आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं। मतदाताओं को सजग रहकर किसी भी धोखाधड़ी से स्वयं को सुरक्षित रखना चाहिए। बूथ लेवल ऑफिसर सुनीता सिंह ने मतदाताओं से अपील करते हुए बताया कि निर्वाचन आयोग के द्वारा एक पत्र जारी कर मतदाताओं को सचेत रहने के लिए कहा है। क्योंकि सायबर फ्रॉड सक्रिय हो गए है और वो वोटर को कॉल कर ओटीपी या वन टाइम पासवर्ड मांग रहे है जिससे आपको आर्थिक नुकसान का सामना करना पड़ सकता है, आयोग किसी भी प्रकार की ओटीपी नहीं मांग रही है।
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