दतिया 5 दिसंबर (आरएनएस)। कलेक्टर श्री स्वप्निल वानखड़े शुक्रवार को गोराघाट क्षेत्र के दौरे पर पहुंचे, जहां उन्होंने स्थानीय किसानों से मुलाकात कर प्रसिद्ध गोराघाट गुड़ के उत्पादन की पारंपरिक प्रक्रिया का अवलोकन किया। यह क्षेत्र अपने उच्च गुणवत्ता वाले देसी गुड़ के लिए जाना जाता है और हर वर्ष यहां बड़े पैमाने पर उत्पादन होता है। उल्लेखनीय है कि दतिया का गुड़ राज्य सरकार की ओडीओपी (वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट) योजना में भी शामिल है। जिससे जिले के गुड़ उत्पादकों को नई पहचान मिली है।
निरीक्षण के दौरान कलेक्टर वानखड़े ने गुड़ उत्पादन की प्रक्रिया को समझा और इसकी शुद्धता व गुणवत्ता की सराहना की। इस मौके पर किसानों ने अपने सुझाव भी रखे, जिनमें कोल्ड स्टोरेज की स्थापना, गुड़ के रस (जूस) को पैकेज्ड ड्रिंक के रूप में विकसित करने और बाजार विस्तार से जुड़े नवाचार प्रमुख थे। किसानों ने बताया कि यदि गुड़ के संरक्षण व विपणन की आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध हों, तो उत्पादन और आय, दोनों में वृद्धि संभव है।
कलेक्टर वानखड़े ने किसानों के विचारों की प्रशंसा करते हुए कहा कि प्रशासन उनके नवाचारों को आगे बढ़ाने में हर संभव सहयोग प्रदान करेगा। उन्होंने कहा कि ओडीओपी में दतिया के गुड़ के चयन से यह स्पष्ट है कि यह उत्पाद राष्ट्रीय बाजार में बड़ी क्षमता रखता है। बेहतर पैकेजिंग, वैल्यू एडिशन और वैज्ञानिक संरक्षण तकनीक से इसे और व्यापक पहचान मिल सकती है।
दौरे के दौरान किसानों ने कलेक्टर का हार्दिक स्वागत किया और स्थानीय समस्याओं व सुझावों से अवगत कराया। कलेक्टर ने विश्वास दिलाया कि किसानों के सुझावों को प्राथमिकता दी जाएगी, ताकि गोराघाट क्षेत्र का गुड़ और अधिक संगठित, सुरक्षित व आधुनिक रूप से बाजार तक पहुंच सके।

