बालाघाट 12 दिसंबर (आरएनएस)। जबलपुर संभाग के बालाघाट जिला कलेक्टर श्री मृणाल मीना ने 11 दिसंबर कों स्वास्थ्य एवं महिला बाल विकास विभाग के प्रगतिरत कार्यों को लेकर समीक्षा बैठक आयोजित की। बैठक में विभागीय कार्य योजनाओं में प्रगति को लेकर विस्तार से चर्चा की गई। इस अवसर पर मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. परेश उपलप, सिविल सर्जन डॉ. निलय जैन, महिला बाल विकास अधिकारी श्री प्रशांत ठाकुर व अन्य विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।
बैठक में सर्वप्रथम स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा करते हुए गर्भवती माताओं के एएनसी पंजीयन को लेकर चर्चा की गई। कलेक्?टर श्री मीना ने गर्भवती माताओं के एएनसी पंजीयन कों शीघ्रता से पूर्ण करने के निर्देश दिए। मुख्?य चिकित्?सा एवं स्?वास्?थ्?य अधिकारी कों निर्देशित किया गया कि जिन-जिन तहसीलो में एएनसी के पंजीयन 60 प्रतिशत से कम पाए जाएंगे उन तहसीलो के सम्बंधित बीपीएम व बीएमओ पर कार्यवाही सुनिश्चित की जाए। कलेक्टर श्री मीना नें सीवीयर एनीमिया के केस कों गंभीरता से लेते हुए सभी बीएमओ, बीपीएम व सीएचओ कों मिलकर कार्य करने के निर्देश दिए। पोषण पूनर्वास केंद्र (एनआरसी) की समीक्षा के दौरान कलेक्टर श्री मीना ने बैहर, बालाघाट, बिरसा के केंद्रों में बैड की संख्या बढ़ाने के निर्देश दिए।
महिला व बाल विकास विभाग की समीक्षा के दौरान कलेक्?टर श्री मीना ने सभी सीडीपीओ कों बच्चों के आभा कार्ड कों शीघ्रता से बनाने के निर्देश दिए। उन्?होंने कहा कि जिले के सभी बच्चों कों स्वास्थ्य सम्बंधित सुविधाओं का लाभ मिलना चाहिए। विभागीय अधिकारियों कों निर्देशित किया गया कि जहाँ-जहाँ आंगनवाड़ी केंद्र नहीं खुले है वहॉं आंगनवाड़ी केंद्र खुलवाए तथा उसकी नियमित जाँच करवाए। बैठक में आयुष अधिकारी श्री मिलिंद चौधरी कों निर्देशित किया गया कि 56 आयुष्?मान आरोग्य मंदिर में डॉक्टरों की कार्यप्रणाली सुनिश्चित की जाए ताकि आम नागरिकों कों स्वास्थ्य सेवाओं का समुचित लाभ मिल सकें। इसके साथ हीं ऐसे डॉक्टर जो अपने कार्य कों लापरवाही से करते है उन पर सख्त कार्यवाही करने के निर्देश दिए गए।
Login
अपनी भाषा में समाचार चुनने की स्वतंत्रता | देश की श्रेष्ठतम समाचार एजेंसी

