रायपुर 17 फरवरी 2026 (आरएनएस) शहर के उन वाहन मालिकों के लिए राहत की खबर है, जिनके ई-चालान लंबे समय से लंबित पड़े हैं और न्यायालय में ट्रांसफर हो चुके हैं। यातायात पुलिस ने 14 मार्च 2026 को आयोजित होने वाली लोक अदालत में ऐसे प्रकरणों के निराकरण की तैयारी कर ली है।
यातायात, कमिश्नरेट रायपुर द्वारा जारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, 15 अक्टूबर 2025 के पूर्व जारी हुए और लंबित ई-चालानों को लोक अदालत में रखा जाएगा। इसके लिए संबंधित वाहन स्वामियों को 10 मार्च 2026 तक अनिवार्य रूप से रजिस्ट्रेशन कराना होगा।
डीसीपी का सख्त निर्देश
यातायात के पुलिस उपायुक्त विकास कुमार ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि लोक अदालत के बाद भी यदि प्रकरण लंबित पाया गया तो संबंधित वाहन को जब्त कर न्यायालय में पेश किया जाएगा। ऐसे में वाहन स्वामियों के लिए यह अंतिम अवसर माना जा रहा है।
मोबाइल कॉल और व्हाट्सएप से सूचना
लंबित प्रकरण वाले वाहन मालिकों को उनके पंजीकृत मोबाइल नंबर पर कॉल कर सूचना दी जाएगी। साथ ही व्हाट्सएप के माध्यम से नोटिस की प्रति भी भेजी जाएगी, ताकि कोई यह न कह सके कि जानकारी नहीं थी।
कहां कराएं रजिस्ट्रेशन?
वाहन स्वामी अपने क्षेत्र के नजदीकी यातायात थाना में जाकर रजिस्ट्रेशन करा सकते हैं। शहर में इसके लिए कुल 9 केंद्र निर्धारित किए गए हैं—
- यातायात थाना तेलीबांधा
- यातायात थाना भाठागांव बस स्टैंड
- यातायात थाना शारदा चौक
- यातायात थाना फाफाडीह
- यातायात थाना भनपुरी
- यातायात थाना टाटीबंध
- यातायात थाना पंडरी
- यातायात थाना पचपेड़ीनाका
- यातायात मुख्यालय कालीबाड़ी
स्पष्ट किया गया है कि थाना में रजिस्ट्रेशन होने के बाद ही प्रकरण लोक अदालत में पेश किया जाएगा।
नहीं कराया निराकरण तो बढ़ेगी परेशानी
यातायात विभाग ने अपील की है कि जिन वाहन स्वामियों के ई-चालान लंबित हैं, वे 10 मार्च तक रजिस्ट्रेशन कराकर 14 मार्च की लोक अदालत में अपना प्रकरण निपटा लें। अन्यथा उन्हें न्यायालयीन प्रक्रिया से गुजरना पड़ेगा और वाहन संबंधी सेवाएं भी बाधित हो सकती हैं।
👉 कुल मिलाकर, शहरवासियों के लिए यह मौका राहत का है, लेकिन समयसीमा चूकने पर कार्रवाई तय मानी जा रही है।

