० जैव विविधता और जल संरक्षण पर जोर, जिला प्रशासन ने बनाई ठोस रणनीति
धमतरी, 02 मार्च (आरएनएस)। कलेक्टर अबिनाश मिश्रा की अध्यक्षता में आज कलेक्टोरेट सभाकक्ष में जिला स्तरीय वेटलैंड संरक्षण समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में जिले के प्रमुख वेटलैंड क्षेत्रों के संरक्षण, संवर्धन एवं सतत प्रबंधन को लेकर विस्तृत चर्चा की गई। बैठक में डीएफओ कृष्ण जाधव , अपर कलेक्टर इंदिरा देवहारी सहित विभिन्न विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे। कलेक्टर मिश्रा ने कहा कि वेटलैंड केवल जैव विविधता के संरक्षण के लिए ही महत्वपूर्ण नहीं हैं, बल्कि भूजल स्तर बनाए रखने, बाढ़ नियंत्रण, जलवायु संतुलन और स्थानीय आजीविका के लिए भी अत्यंत आवश्यक हैं। उन्होंने संबंधित विभागों को निर्देशित किया कि जिले के सभी चिन्हित वेटलैंड क्षेत्रों का अद्यतन सर्वे कराया जाए तथा उनकी वर्तमान स्थिति का आकलन कर संरक्षण की कार्ययोजना तैयार की जाए। बैठक में जिले के प्रमुख वेटलैंड क्षेत्रों का सीमांकन एवं अभिलेखीकरण, अवैध अतिक्रमण एवं प्रदूषण की रोकथाम, स्थानीय समुदाय की भागीदारी सुनिश्चित करना, पौधरोपण एवं प्राकृतिक आवास संरक्षण, स्कूल-कॉलेज स्तर पर जनजागरूकता अभियान जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा की गई। डीएफओ जाधव ने वेटलैंड क्षेत्रों में जैव विविधता संरक्षण, पक्षियों के आवास और वन्यजीवों की सुरक्षा के संबंध में जानकारी दी। उन्होंने बताया कि कई वेटलैंड प्रवासी पक्षियों के लिए महत्वपूर्ण ठिकाने हैं, जिन्हें संरक्षित रखना आवश्यक है। उन्होंने विभागों के समन्वय से कार्य करने पर बल देते हुए कहा कि राजस्व, पंचायत, वन एवं नगरीय निकाय मिलकर ठोस कार्ययोजना बनाएं, ताकि वेटलैंड संरक्षण के प्रयास प्रभावी रूप से धरातल पर उतर सकें। बैठक के अंत में कलेक्टर मिश्रा ने निर्देश दिए कि प्रत्येक माह या बैठक आयोजित की जाए। उन्होंने आगामी बैठक में चिन्हित वेटलैंड क्षेत्रों के संरक्षण हेतु समयबद्ध कार्ययोजना तैयार करने कहा।
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