भोपाल 8 मार्च (आरएनएस)। एमपी के पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह अपने सरकारी आवास पर प्रेस कॉन्फ्रेंस कर किसानों के मुद्दे पर सरकार को घेरा। दिग्विजय सिंह ने कहा कि रंगपंचमी के दिन सामान्य तौर पर प्रेस वार्ता होती नहीं रही, लेकिन आज आपको इसलिए बुलाया क्योंकि एमपी के किसानों के साथ लंबे समय से भेदभाव होता रहा है।
मैने केंद्र सरकार से अनुरोध किया है कि एमपी में उगाए जाने वाले धान को एपीडा जीआई टैग नहीं दे रहा है। एमपी में बासमती चावल उगाया जाता है। दिग्विजय ने कहा कि यदि केंद्र सरकार मप्र की बासमती को जीआई टैग नहीं दिलवा पाती है तो वे अनशन भी करेंगे।
अपने रिटायरमेंट को लेकर दिग्विजय ने कहा कि मैंने एक कपल जो बैंक से रिटायर हुए थे वो एक कार से पूरा भारत घूमने निकले हैं तो मैंने उसका वीडियो मजाकिया लहजे में शेयर किया था।
दिग्विजय सिंह ने रिटायरमेंट को लेकर कहा ये हल्ला तो होता रहता है। सीधी सी बात है मैंने मेरी पार्टी से यही अनुरोध किया है कि मैं राज्यसभा के सेकंड टर्म के बाद थर्ड टर्म नहीं लेना चाह रहा हूं, लेकिन इसका यह मतलब नहीं है कि मैं कांग्रेस के लिए काम नहीं करूंगा पार्टी के लिए काम नहीं करूंगा पार्टी का काम तो जीवन के आखिरी सांस तक करेंगे, लेकिन बात यही है कि पार्टी मुझे कहां क्या काम देती है? यह पार्टी नेतृत्व पर निर्भर करता है एआईसीसी और प्रदेश कांग्रेस पर निर्भर करता है।
दिग्विजय से पत्रकारों ने पूछा कि क्या अगर पार्टी कहेगी तो आप क्या राज्यसभा जाएंगे?
इसके जवाब में दिग्विजय सिंह ने कहा यह बहुत ही काल्पनिक प्रश्न है इसका उत्तर नहीं दिया जा सकता।
दिग्विजय ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में तीन गुना बासमती की कीमत है। क्या कारण है कि एमपी सरकार इतने सालों से जीआई टैग नहीं दिला पा रही। यूपीए सरकार में जीआई टैग मिलने शुरू हुए थे। भाजपा की सरकार आने के बाद हमारी सरकार में दिए गए जीआई टैग निरस्त कर दिए गए थे। आज तक नहीं समझ पा रहा हूं कि हमारा इंटरनेशनल मार्केट में पाकिस्तान से कॉम्पटीशन है, लेकिन पाकिस्तान ने कुछ सालों में कई जगह जीआई टैग दे दिए। हम 13 जिलों को जीआई टैग नहीं दिला पा रहे।

