देहरादून,24 मार्च (आरएनएस)। भवन श्री कालिका माता समिति कालिका मंदिर की ओर से नवरात्रों के उपलक्ष्य में आयोजित शक्ति महासम्मेलन में मंगलवार को अंतिम दिन संतों ने श्रद्धा और भक्ति का संदेश दिया। इस अवसर स्वामी विष्णु दास महाराज, स्वामी हेमंत कश्यप महाराज, स्वामी अरुण दास महाराज, 108 महंत स्वामी श्री कृष्णा गिरी महाराज और स्वामी केशव दास शर्मा ने अपने विचार रखे। सम्मेलन का शुभारंभ गीता एवं रामायण के दैनिक पाठ से किया गया। अंतिम सत्र में संतों ने कहा कि कालिका मंदिर एक “कल्पवृक्ष” के समान है, जो मां जगदम्बा की कृपा से निरंतर विकसित हो रहा है। उन्होंने कहा कि जीवन की सार्थकता के लिए जाप और सत्संग से जुडऩा आवश्यक है।संतों ने युवाओं और बच्चों को धार्मिक संस्कारों से जोडऩे पर जोर देते हुए हनुमान चालीसा के पाठ की आदत डालने की अपील की। उन्होंने कहा कि प्रेम ही हमारा पंथ और ग्रंथ है तथा भक्ति के माध्यम से ही मुक्ति संभव है। इस दौरान संस्था की वार्षिक पत्रिका “शक्ति सुधा” का भी विमोचन किया गया।समिति के प्रचार मंत्री संजय आनंद ने बताया कि 25 मार्च को अष्टमी के अवसर पर विशेष दुर्गा यज्ञ एवं विशाल कुमारी पूजन आयोजित किया जाएगा। वहीं रात्रि में भव्य भगवती जागरण का आयोजन होगा, जिसमें प्रमोद श्रीवास्तव, गोपाल मोहन भारद्वाज एवं तरुण सागर भजन प्रस्तुत करेंगे। 26 मार्च को श्री राम नवमी पर्व के साथ 73वां वार्षिक ध्वजारोहण समारोह धूमधाम से मनाया जाएगा।कार्यक्रम में राम स्वरूप भाटिया, गगन सेठी, भारत आहूजा, जय किशन कक्कर, नरेश मैनी, अशोक लाम्बा, पवन अरोरा, केवल आनंद, हरीश भाटिया, महेश ग्रोवर, अभिषेक वाधवा, साहिल आहूजा, जतिन डोरा, संजय आनंद, भारत शर्मा, अमित भाटिया, सतीश मेहता, महेश डोरा एवं विजय अरोरा सहित अनेक श्रद्धालु उपस्थित रहे।
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