संदना /सीतापुर 30 मार्च (आरएनएस)। क्षेत्र में इन दिनों अवैध पेड़ कटान खुलेआम जारी है, लेकिन वन विभाग की निष्क्रियता पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। ताजा मामला थाना क्षेत्र के अलीनगर गांव के पास का है, जहां बेखौफ लोगों ने करीब सात शीशम के पेड़ों को काटकर लकड़ी बेच डाली। ग्रामीणों के अनुसार कटान का यह खेल दिनदहाड़े चलता रहा, लेकिन जिम्मेदार विभाग को सूचना देने के बावजूद कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। इससे लकड़ी माफियाओं के हौसले और बुलंद हो गए हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि अगर समय रहते कार्रवाई होती, तो पेड़ों को बचाया जा सकता था। मामले की सूचना बीट प्रभारी बृजेंद्र यादव को दी गई है। उन्होंने स्वीकार किया कि कटान के लिए कोई परमिट जारी नहीं था और कार्रवाई किए जाने की बात कही है। हालांकि, सवाल यह उठता है कि जब बिना परमिट के पेड़ों की कटाई हो रही थी, तो विभाग पहले से सतर्क क्यों नहीं हुआ। पर्यावरण संरक्षण को लेकर सरकार के सख्त निर्देशों के बावजूद इस तरह की घटनाएं वन विभाग की कार्यशैली पर सवालिया निशान लगा रही हैं। अब देखना यह है कि जिम्मेदारों पर कार्रवाई होती है या मामला यूं ही ठंडे बस्ते में चला जाता है।
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