कबीरधाम 9 अप्रैल (आरएनएस) फर्जी अफसरी का रौब और पिस्टल की धमकी दिखाकर वसूली करने वाले आरोपी का खेल आखिरकार खत्म हो गया जब पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर हथियार, कारतूस और कार सहित पूरा नेटवर्क उजागर कर दिया, मामला 2 अप्रैल 2026 की रात का है जब ग्राम धिरहा निवासी पिताम्बर गुप्ता अपनी किराना दुकान पर था तभी देर रात करीब 10:30 बजे आरोपी सचिन चड्डा वहां पहुंचा और खुद को एफसीआई का बड़ा अधिकारी बताते हुए चोरी के चावल खरीदने का झूठा आरोप लगाकर धमकाने लगा, माहौल अचानक तनावपूर्ण हो गया जब आरोपी ने अपनी लाइसेंसी पिस्टल निकालकर डराया और सीधे जेल भेजने की धमकी देते हुए 60 हजार रुपये की मांग कर डाली, भय और दबाव में आए दुकानदार ने 50 हजार रुपये आरोपी को थमा दिए, लेकिन मामला यहीं नहीं रुका, 8 अप्रैल को पीड़ित ने हिम्मत जुटाकर थाना कोतवाली में शिकायत दर्ज कराई जिसके बाद पुलिस अधीक्षक धर्मेन्द्र सिंह (IPS) के निर्देशन और वरिष्ठ अधिकारियों के मार्गदर्शन में तुरंत जांच शुरू हुई, केस अपराध क्रमांक 140/2026 धारा 308(6) बीएनएस के तहत दर्ज हुआ, पुलिस ने गवाहों के बयान लिए, घटनास्थल का निरीक्षण किया और तकनीकी व फील्ड इनपुट के आधार पर आरोपी तक पहुंच बनाई, जांच के दौरान आरोपी सचिन चड्डा पिता भरत लाल चड्डा उम्र 47 वर्ष निवासी जबलपुर (म.प्र.) एवं वर्तमान निवास रायपुर को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई जहां उसने अपना जुर्म कबूल कर लिया, उसके मेमोरेण्डम पर पुलिस ने एक ग्रैंड विटारा कार MP-20-ZK-8201, 0.32 बोर की लाइसेंसी पिस्टल, 2 मैगजीन, 11 जिंदा कारतूस और पिस्टल पाउच बरामद किया, 9 अप्रैल 2026 को आरोपी को विधिवत गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया और आगे की कार्रवाई जारी है, इस पूरी कार्रवाई में थाना कोतवाली टीम की सक्रियता ने एक ऐसे आरोपी को बेनकाब किया जो कानून का डर दिखाकर खुद कानून तोड़ रहा था, पुलिस ने आम जनता से अपील की है कि यदि कोई व्यक्ति खुद को अधिकारी बताकर धमकी या वसूली करता है तो तुरंत सूचना दें, यह कार्रवाई साफ चेतावनी है—फर्जी रौब और हथियार के दम पर डर फैलाने वालों का अंत अब तय है।
Login
अपनी भाषा में समाचार चुनने की स्वतंत्रता | देश की श्रेष्ठतम समाचार एजेंसी

