डोंगरगढ़, 17 अप्रैल 2026(आरएनएस) —एक नाबालिग की जिंदगी से खिलवाड़ करने वाला आरोपी आखिरकार कानून के शिकंजे में आ गया जब डोंगरगढ़ पुलिस ने लंबी तलाश और सटीक लोकेशन ट्रैकिंग के बाद हैदराबाद से उसे गिरफ्तार कर लिया, मामला 24 दिसंबर 2025 का है जब शाम करीब 4 बजे एक नाबालिग बालिका को बहला-फुसलाकर भगाकर ले जाने की शिकायत उसके पिता ने थाना डोंगरगढ़ में दर्ज कराई थी, अज्ञात आरोपी के खिलाफ अपराध क्रमांक 616/2025 के तहत मामला दर्ज हुआ और तभी से पुलिस टीम लगातार बालिका और आरोपी की तलाश में जुटी रही, इसी बीच जिले में चल रहे ऑपरेशन “मुस्कान” के तहत पुलिस अधीक्षक अंकिता शर्मा के निर्देश, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कीर्तन राठौर के मार्गदर्शन और एसडीओपी डोंगरगढ़ केशरी नंदन नायक के पर्यवेक्षण में थाना प्रभारी और प्रशिक्षु डीएसपी सुमन जायसवाल के नेतृत्व में टीम ने लगातार तकनीकी और जमीनी इनपुट पर काम किया, आखिरकार इनपुट मिला कि अपहृत बालिका हैदराबाद (तेलंगाना) में है, सूचना मिलते ही टीम तुरंत रवाना हुई और वहां पहुंचकर आरोपी दीपक कांडे पिता संजय कांडे उम्र 21 वर्ष निवासी ग्राम झलमला थाना पिपरिया जिला कवर्धा को दबोच लिया, आरोपी के कब्जे से नाबालिग बालिका को सुरक्षित बरामद किया गया, जांच में खुलासा हुआ कि आरोपी ने शादी का झांसा देकर बालिका को भगाया और उसके साथ शारीरिक शोषण किया, इसके बाद पुलिस ने आरोपी के खिलाफ धारा 137(2), 64(2)(m) BNS तथा POCSO एक्ट की धारा 4 और 6 के तहत कड़ी कार्रवाई करते हुए उसे न्यायालय में पेश किया जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया, इस पूरी कार्रवाई में उप निरीक्षक रामेश्वरी बघेल, सहायक उप निरीक्षक मुजीब रहमान कुरैशी और महिला आरक्षक अर्चना तिवारी की अहम भूमिका रही, यह मामला सिर्फ एक गिरफ्तारी नहीं बल्कि उस सख्त संदेश की मिसाल है कि मासूमों के साथ दरिंदगी करने वालों को चाहे जितनी दूर भागना पड़े, कानून की पकड़ से बचना नामुमकिन है।
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