कांकेर, 18 अप्रैल (आरएनएस)। के पुलिस रक्षित केंद्र सिंगारभाट में शनिवार को ऐसा नजारा दिखा जहां सायरन, धुएं और अलर्ट मोड के बीच पुलिस बल ने आग से निपटने की असली परीक्षा दी और यही इस पूरे प्रशिक्षण का मकसद था—अग्निशमन सेवा सप्ताह के तहत 18 अप्रैल 2026 को आयोजित इस विशेष मॉकड्रिल में आगजनी से बचाव, त्वरित प्रतिक्रिया और आपदा प्रबंधन की हर बारीकी को जमीन पर उतारकर दिखाया गया, कार्यक्रम में अग्निशमन विभाग के प्रशिक्षित कर्मचारियों ने शॉर्ट सर्किट, गैस रिसाव, ज्वलनशील पदार्थ और वाहन आगजनी जैसी संभावित घटनाओं के कारणों को समझाया और बताया कि ऐसी स्थिति में घबराने के बजाय तुरंत सही कदम उठाना ही सबसे बड़ा बचाव है, मौके पर ही फायर एक्सटिंग्विशर के सही उपयोग, पानी और फोम से आग बुझाने की तकनीक, अलग-अलग प्रकार की आग में किस उपकरण का इस्तेमाल करना है—इन सभी का लाइव डेमो दिया गया, प्रशिक्षण को और प्रभावी बनाने के लिए फायरमैन किशोर पटेल, गोविंद राम जैन, मिथलेश जैन, दिलेश नागराज, नरेश नेताम और विरेंद्र तारम ने व्यावहारिक अभ्यास कराया, जिसमें मौजूद हर अधिकारी और कर्मचारी ने खुद उपकरण चलाकर सीखा कि आपात स्थिति में कैसे बिना समय गंवाए आग पर काबू पाया जा सकता है, इस मौके पर रक्षित निरीक्षक गोविंद वर्मा, सहायक उप निरीक्षक नम्मू कोडोपी, लाइन ऑफिसर कांकेर, एमटी शाखा के वाहन चालक सहित पुलिस लाइन की सभी शाखाओं के अधिकारी-कर्मचारी मौजूद रहे और करीब 105 पुलिस कर्मियों ने इस प्रशिक्षण में भाग लेकर अपनी तैयारियों को मजबूत किया, कांकेर पुलिस ने नागरिकों से भी अपील की है कि किसी भी आगजनी या आपात स्थिति में तुरंत नजदीकी थाना, फायर स्टेशन, हेल्पलाइन 112 या कंट्रोल रूम नंबर 94791-94199 पर सूचना दें ताकि समय रहते जान-माल की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके, साफ संदेश है—आग हादसा नहीं, लापरवाही से पैदा हुआ खतरा है और सही प्रशिक्षण ही उसे बड़े नुकसान में बदलने से रोक सकता है।
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