भोपाल 23 अप्रैल (आरएनएस)। राजधानी भोपाल में शराब दुकानों की शिफ्टिंग को लेकर विरोध का दौर जारी है। गुरुवार दोपहर लोगों ने अरेरा कॉलोनी में प्रदर्शन किया।
अरेरा कॉलोनी की शराब दुकान का पिछले एक साल से लोग विरोध कर रहे हैं। इसे लेकर मानव अधिकार आयोग में भी शिकायत हो चुकी है। वहीं, आयोग के सदस्य प्रियंक कानूनगो ने निरीक्षण भी किया था। बावजूद ठेका नहीं हटा तो गुरुवार को लोग फिर से प्रदर्शन करने सड़क पर उतर गए। हाथों में बैनर-पोस्टर लेकर उन्होंने जमकर नारेबाजी की।
अरेरा कॉलोनी के रहने वाले कांग्रेस नेता विवेक त्रिपाठी ने बताया, यहां जिस जगह पर शराब दुकान संचालित हो रही है, वह पूरी तरह से आवासीय उपयोग के लिए है, लेकिन वर्तमान में इसका कमर्शियल तरीके से उपयोग हो रहा है, जो पूरी तरह मध्यप्रदेश भूमि विकास नियम 2012 और नगर निगम अधिनियम 1956 का उल्लंघन है।
रहवासियों ने चेतावनी दी है कि यदि शीघ्र ही उक्त शराब दुकान को हटाने की कार्रवाई नहीं की गई, तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा तथा उग्र प्रदर्शन के लिए बाध्य होना पड़ेगा, जिसकी पूरी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी।
प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस नेता विवेक त्रिपाठी, क्षेत्रीय पार्षद शिखा गोहिल, सचिन दास बब्बा,रवि शर्मा, लवनीश भाटी, पूर्णेंदु शुक्ला आदि बड़ी संख्या में लोग मौजूद थे। सभी ने एक स्वर में प्रशासन से तत्काल कार्रवाई की मांग की और सरकार को चेतावनी दी अगर इस अवैध दुकान को जल्द नहीं हटाया गया तो अरेरा कॉलोनी के निवासी दुकान पर ताला बंदी करेंगे।
त्रिपाठी ने बताया कि स्थानीय लोग एक साल से जिला प्रशासन, नगर निगम, आबकारी विभाग और मानव अधिकार आयोग तक शिकायतें दर्ज कर चुके हैं। बावजूद अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।
उन्होंने बताया, यह बेहद चौंकाने वाली बात है कि अधिकारियों ने अपनी जांच रिपोर्ट में शराब दुकान के 40 मीटर की दूरी पर स्थित आर्य समाज मंदिर को मंदिर मानने से ही इनकार कर दिया।
विवेक त्रिपाठी ने कहा कि शराब दुकान के कारण क्षेत्र की शांति, सामाजिक वातावरण और सुरक्षा पर गंभीर असर पड़ा है। प्रतिदिन वहां पर भीड़, वाहनों की आवाजाही, असामाजिक तत्वों का जमावड़ा और शोर-शराबे की स्थिति बनी रहती है। जिससे महिलाओं और बच्चों के लिए आवागमन तक कठिन हो गया है। आवासीय भूखंड पर शराब दुकान चलाना न केवल अवैध है, बल्कि यह भोपाल नगर निगम के मानचित्र और भूमि उपयोग नीति के भी पूरी तरह विपरीत है।

