बिलासपुर 30 अप्रैल (आरएनएस) सकरी इलाके में ऑनलाइन गेम और IPL के नाम पर चल रहे हाईटेक सट्टा रैकेट का बड़ा खुलासा हुआ है, जहां थाना सकरी पुलिस ने बीट सिस्टम से मिली पुख्ता सूचना और ACCU की तकनीकी मदद के दम पर 29 अप्रैल 2026 को ओम स्पेस कॉलोनी में दबिश देकर अंतर्राज्यीय सट्टा गिरोह को धर दबोचा, मौके पर ही मोबाइल और लैपटॉप के जरिए लाइव सट्टा ऑपरेशन चलता मिला और पुलिस ने पूरे नेटवर्क को एक ही झटके में तोड़ दिया, इस गिरोह का मास्टरमाइंड राहुल छाबड़ा पिता मोहन लाल छाबड़ा उम्र 30 वर्ष निवासी स्वर्णीम एरा कॉलोनी सरकंडा थाना सरकंडा जिला बिलासपुर है, जिसके खिलाफ पहले भी कार्रवाई हो चुकी है और जो अन्य राज्यों से लिंक बनाकर ऑनलाइन सट्टा चला रहा था, उसके साथ ओमप्रकाश नागवानी पिता विजय कुमार नागवानी उम्र 21 वर्ष निवासी सिंधी केम्प सुभाष नगर सागर थाना मोती नगर जिला सागर (म.प्र.) हाल मुकाम हॉफा थाना सकरी जिला बिलासपुर, आशीष सोमानी पिता मनोहर लाल सोमानी उम्र 37 वर्ष निवासी वार्ड नंबर 19 सिंधी मोहल्ला शंकर पथ गली बालाघाट थाना बालाघाट जिला बालाघाट (म.प्र.), कैलास चावला पिता चंद्र लाल चावला उम्र 26 वर्ष निवासी माधव नगर थाना माधव नगर कटनी जिला कटनी (म.प्र.), विजय नागवानी पिता केशव नागवानी उम्र 42 वर्ष निवासी शहीद द्वार के पास थाना कोतवाली जिला कटनी (म.प्र.), दिनेश लालवानी पिता माधव दास लालवानी उम्र 19 वर्ष निवासी माधव नगर थाना माधव नगर कटनी जिला कटनी (म.प्र.) और एक विधि से संघर्षरत बालक शामिल है, जांच में सामने आया कि आरोपी ऑनलाइन लूडो और IPL क्रिकेट मैचों में सट्टा लगवाकर अलग-अलग राज्यों से पैसा ट्रांसफर करवाते थे

और डिजिटल माध्यम से करोड़ों का नेटवर्क ऑपरेट कर रहे थे, पुलिस ने मौके से 21 मोबाइल, 3 लैपटॉप, 13 एटीएम कार्ड, 8 पासबुक और MP 18 ZB 8565 नंबर की एक क्रेटा कार जब्त की है, जब्त मोबाइलों की फोरेंसिक जांच में 2 करोड़ रुपये से अधिक का सट्टा लेनदेन उजागर हुआ जिसने इस गिरोह की असली हैसियत सामने ला दी, पूरे मामले में आरोपियों के खिलाफ धारा 7(2) छत्तीसगढ़ जुआ प्रतिषेध अधिनियम और 112 बीएनएस के तहत अपराध दर्ज कर न्यायिक रिमांड पर भेजा गया है, वहीं पुलिस अब बैंक खातों और डिजिटल ट्रांजैक्शन की गहराई से जांच कर अन्य राज्यों में फैले नेटवर्क और जुड़े आरोपियों की तलाश में जुटी है, बहरहाल यह कार्रवाई साफ संदेश है कि ऑनलाइन गेम के नाम पर चल रहा सट्टा अब सुरक्षित नहीं रहा, पुलिस की नजर अब हर उस स्क्रीन पर है जहां से अवैध खेल खेला जा रहा है।

