बिलासपुर 31 मई (आरएनएस) घर और जमीन छोड़ने का दबाव, लगातार गाली-गलौच, मारपीट और जान से मारने की धमकियों ने आखिरकार एक व्यक्ति की जिंदगी छीन ली। बिलासपुर जिले के सीपत थाना क्षेत्र में सामने आए इस सनसनीखेज मामले में पुलिस ने आत्महत्या के लिए दुष्प्रेरित करने के आरोप में फरार आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। आरोपी की प्रताड़ना से क्षुब्ध होकर जहर खाने वाले कनक पटेल की इलाज के दौरान मौत हो गई थी।
पुलिस के अनुसार ग्राम फरहदा बजरंग चौक निवासी परमेश्वरी पटेल (45) ने 29 मई 2026 को थाना सीपत में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में बताया गया कि उनके परिवार का घर शासकीय जमीन पर वर्षों से बना हुआ है। पड़ोस में रहने वाला बलराम यादव पिता लुलु राम यादव, उम्र 39 वर्ष, निवासी फरहदा चौक, थाना सीपत, एक बुजुर्ग महिला रामकली यादव को लेकर उनके घर पहुंचा और जमीन को उसका बताते हुए मकान खाली कर वहां से चले जाने का दबाव बनाने लगा। आरोप है कि इस दौरान उसने घर में घुसकर अश्लील गाली-गलौच की, मारपीट की और जान से मारने की धमकी दी।
घटना से आहत और मानसिक रूप से परेशान कनक पटेल ने कीटनाशक जहर का सेवन कर लिया। उन्हें गंभीर हालत में सिम्स अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां 30 मई 2026 को इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने विवेचना के दौरान भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 108 के तहत आत्महत्या के लिए दुष्प्रेरित करने की धारा जोड़ दी।
वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देश पर थाना सीपत और ACCU की संयुक्त टीम गठित की गई। घटना के बाद फरार हुए आरोपी बलराम यादव की तलाश शुरू की गई और तकनीकी सूचना व लगातार दबिश के बाद उसे गनियारी क्षेत्र से गिरफ्तार कर लिया गया। पूछताछ के बाद आरोपी को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया।
गौरतलब है कि किसी भी व्यक्ति को मानसिक और शारीरिक रूप से इस हद तक प्रताड़ित करना कि वह जीवन समाप्त करने पर मजबूर हो जाए, एक गंभीर अपराध है। फिलहाल आरोपी सलाखों के पीछे है और पुलिस मामले की आगे की जांच में जुटी हुई है।


