रायपुर 3 जून (आरएनएस) महीनों से पुलिस को चकमा देकर नशे का कारोबार चला रहा एक कथित गांजा सप्लायर आखिरकार तेलीबांधा पुलिस के शिकंजे में आ गया। पहले पकड़े गए आरोपी के खुलासे से शुरू हुई जांच ने ऐसा मोड़ लिया कि देवार पारा में सक्रिय गांजा सप्लाई चेन की एक अहम कड़ी बेनकाब हो गई। पुलिस ने आरोपी को गांजा बेचने की फिराक में रंगे हाथ पकड़ते हुए उसके कब्जे से 4.327 किलोग्राम गांजा बरामद किया है।
मामला थाना तेलीबांधा क्षेत्र का है। पुलिस को 25 फरवरी 2026 को सूचना मिली थी कि देवार पारा इलाके में एक व्यक्ति अवैध मादक पदार्थ की बिक्री कर रहा है। सूचना मिलते ही पुलिस ने रेड कार्रवाई कर सुभाष नगर, देवार पारा निवासी दीपक साहू पिता दिनेश साहू, उम्र 24 वर्ष को गिरफ्तार किया था। उसके कब्जे से 3.149 किलोग्राम गांजा बरामद हुआ था। पुलिस ने अपराध क्रमांक 197/26 के तहत धारा 20(बी) एनडीपीएस एक्ट में मामला दर्ज कर आरोपी को न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया था।
पूछताछ में दीपक साहू ने खुलासा किया कि उसे गांजा आशीष वाधवानी से मिला था। इसके बाद पुलिस लगातार आशीष की तलाश में जुटी रही, लेकिन वह गिरफ्तारी से बचने के लिए फरार चल रहा था। इसी दौरान 2 जून 2026 को मुखबिर से सूचना मिली कि आशीष वाधवानी देवार पारा और जलविहार कॉलोनी क्षेत्र में गांजा बेचने की तैयारी में घूम रहा है। सूचना मिलते ही विशेष टीम गठित कर घेराबंदी की गई और सुभाष नगर, देवार पारा निवासी आशीष वाधवानी पिता सुंदर वाधवानी, उम्र 31 वर्ष को रंगे हाथ पकड़ लिया गया।
तलाशी में आरोपी के कब्जे से 4.327 किलोग्राम गांजा बरामद हुआ। पुलिस ने उसे अपराध क्रमांक 197/2026 में धारा 20(बी) एनडीपीएस एक्ट के तहत गिरफ्तार कर विधिसम्मत कार्रवाई की। विवेचना के दौरान यह भी सामने आया कि आशीष वाधवानी देवार पारा, सुभाष नगर और आसपास के क्षेत्रों में गांजा सप्लायर के रूप में सक्रिय था। आरोपी को विशेष न्यायाधीश एनडीपीएस एक्ट की अदालत में पेश किया जा रहा है।
बहरहाल, तेलीबांधा पुलिस की इस कार्रवाई ने नशे के कारोबारियों को साफ संदेश दे दिया है कि चाहे वे कितने भी दिन फरार रहें, कानून की पकड़ से बचना अब आसान नहीं है।

