सिवनी 4 जून (आरएनएस)। आगामी मानसून को देखते हुए बाढ़ आपदा प्रबंधन की तैयारियों की समीक्षा के लिए जबलपुर संभागायुक्त श्री धनंजय सिंह ने गुरुवार को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से संभाग के सभी जिलों के अधिकारियों की बैठक ली। बैठक में आपदा संवेदनशील क्षेत्रों, बाढ़ प्रभावित नदियों, बड़े बांधों तथा जिलावार तैयारियों का विस्तृत आकलन किया गया।
संभागायुक्त ने निर्देश दिए कि जिले में उपलब्ध नाव, मोटर बोट, लाइफ जैकेट सहित सभी बचाव संसाधनों का परीक्षण किया जाए तथा नियमित मॉक ड्रिल आयोजित कर आपदा प्रबंधन दलों की तत्परता सुनिश्चित की जाए। उन्होंने प्राकृतिक जलाशयों, नालों एवं तालाबों की सफाई के साथ बांधों और तटबंधों का निरीक्षण कर आवश्यक मरम्मत कार्य समय पर पूर्ण करने के निर्देश भी दिए।
उन्होंने कहा कि 15 जून से बाढ़ आपदा नियंत्रण कक्ष पूर्ण रूप से सक्रिय कर दिए जाएं तथा बड़े बांधों और जल परियोजनाओं से पानी छोड़े जाने की स्थिति में निचले क्षेत्रों और संबंधित जिलों को पूर्व सूचना अनिवार्य रूप से उपलब्ध कराई जाए। साथ ही आपदा के दौरान त्वरित सूचना आदान-प्रदान और आमजन तक समय पर चेतावनी पहुंचाने के लिए प्रभावी संचार व्यवस्था विकसित करने पर जोर दिया।
बैठक में जलभराव वाले क्षेत्रों का पूर्व चिन्हांकन कर राहत शिविरों एवं आवश्यक सुविधाओं की व्यवस्था सुनिश्चित करने, जीवन रक्षक दवाइयों तथा सर्पदंश उपचार हेतु एंटी वेनम की पर्याप्त उपलब्धता बनाए रखने के निर्देश भी दिए गए। इसके अलावा एसडीआरएफ, होमगार्ड, स्थानीय गोताखोरों और मछुआरों की अद्यतन सूची तैयार रखने तथा पशुओं के लिए चारा-भूसा की व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा गया।
संभागायुक्त ने जर्जर भवनों में संचालित स्कूलों, आंगनवाडिय़ों और छात्रावासों का परीक्षण कर आवश्यकता पडऩे पर उन्हें सुरक्षित स्थानों पर स्थानांतरित करने के निर्देश दिए। वहीं खुले बोरवेल, मेनहोल तथा क्षतिग्रस्त विद्युत तारों को सुरक्षित करने के लिए विशेष अभियान चलाने पर भी बल दिया गया।
बैठक में प्रभारी कलेक्टर श्री अनिल कुमार राठौर, पुलिस अधीक्षक श्री कृष्ण लालचंदानी, जिला पंचायत सीईओ श्रीमती अंजली शाह, अपर कलेक्टर श्री सी.एल. चनाप, अपर कलेक्टर सुश्री सुनीता खंडायत सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
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