भोपाल 5 जून (आरएनएस)। मध्यप्रदेश से राज्यसभा चुनाव के लिए भाजपा और कांग्रेस दोनों ने ही अपने-अपने उम्मीदवार घोषित कर दिए हैं। कांग्रेस ने पूर्व सांसद मीनाक्षी नटराजन को अपना उम्मीदवार घोषित किया है, लेकिन मीनाक्षी नटराजन को उम्मीदवार घोषित किए जाने के बाद ही मध्यप्रदेश कांग्रेस में विरोध के सुर उठने शुरू हो गए हैं। भोपाल की हुजूर विधानसभा सीट से दो बार प्रत्याशी रहे नरेश ज्ञानचंदानी ने खुलकर मीनाक्षी नटराजन को उम्मीदवार बनाए जाने पर आपत्ति जताई है।
वहीं छिंदवाड़ा के कांग्रेस विधायकों ने पार्टी नेतृत्व के निर्णय का समर्थन करते हुए क्रॉस वोटिंग की आशंकाओं को खारिज किया है। इस बीच बीजेपी ने भी कांग्रेस की अंदरूनी स्थिति को लेकर निशाना साधा है।
कांग्रेस नेता नरेश ज्ञानचंदानी ने मीनाक्षी नटराजन को राज्यसभा उम्मीदवार बनाए जाने पर आपत्ति जताई है। ज्ञानचंदानी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर राहुल गांधी और प्रियंका गांधी को टैग कर एक पोस्ट की है। अपनी पोस्ट में उन्होंने लिखा है- आदरणीय राहुल गांधी और प्रियंका गांधी आपसे आग्रह है कि मध्य प्रदेश से राज्यसभा के लिए उम्मीदवार में बड़ी चूक हुई है। आपको कई बार मैसेज किए थे कि मध्यप्रदेश से राज्यसभा के लिए बड़ा सोच समझकर निर्णय लें, क्योंकि यहां क्रॉस वोटिंग का खतरा है। अगर दिग्विजय सिंह रिपीट होते तो सीट सेफ थी।
राज्यसभा चुनाव को लेकर पिछले कुछ समय से कांग्रेस के वरिष्ठ नेता कमलनाथ के नाम की भी चर्चा चल रही थी। राजनीतिक हलकों में माना जा रहा था कि पार्टी अपनी सीट सुरक्षित रखने और संभावित क्रॉस वोटिंग की आशंका को कम करने के लिए कमलनाथ को राज्यसभा भेज सकती है। हालांकि, कांग्रेस आलाकमान ने मीनाक्षी नटराजन के नाम पर मुहर लगाकर इन अटकलों को विराम दे दिया।
छिंदवाड़ा जिले के कांग्रेस विधायकों ने पार्टी नेतृत्व के फैसले का समर्थन किया है। परासिया विधायक सोहन वाल्मीकि ने कहा कि कांग्रेस नेतृत्व ने जिस उम्मीदवार को चुना है, सभी विधायक उसका समर्थन करेंगे। उन्होंने बताया कि शनिवार शाम भोपाल में कांग्रेस विधायक दल की बैठक बुलाई गई है, जिसमें जिले के विधायक भी शामिल होंगे।

