रांची,16 जून(आरएनएस)। झारखंड में 18 जून को होने वाले राज्यसभा चुनाव को लेकर राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गई हैं. आंकड़ों के आधार पर झामुमो उम्मीदवार बैद्यनाथ राम की जीत लगभग तय मानी जा रही है. लेकिन दूसरी सीट के लिए मुकाबला बेहद रोचक होता जा रहा है. कांग्रेस प्रत्याशी प्रणव झा और एनडीए समर्थित निर्दलीय उम्मीदवार परिमल नाथवानी के मैदान में होने से चुनावी गणित पर सबकी नजर टिकी हुई है.
इसी संभावित क्रॉस वोटिंग और विधायकों की एकजुटता बनाए रखने की चुनौती को देखते हुए दोनों खेमे सक्रिय हो गए हैं. एनडीए ने अपने विधायकों को एकजुट रखने की रणनीति के तहत रांची के पांच सितारा होटल में ठहराने का फैसला किया है. बड़कागांव से भाजपा विधायक रोशन लाल चौधरी सबसे पहले होटल पहुंचे. उन्होंने बातचीत में कहा कि सभी विधायकों को अगले दो दिनों तक एक साथ रहने का निर्देश दिया गया है. वहीं लोजपा (आर) के इकलौते विधायक जनार्दन पासवान भी होटल पहुंचे.
राज्यसभा की एक सीट पर जीत के लिए उम्मीदवार को पहली प्राथमिकता के 28 वोटों की आवश्यकता होगी. झामुमो के पास अकेले 34 विधायक हैं. ऐसे में उसके उम्मीदवार बैद्यनाथ राम की जीत सुनिश्चित मानी जा रही है. दूसरी सीट पर मुकाबला दिलचस्प है. इंडिया गठबंधन के उम्मीदवार प्रणव झा के पक्ष में कांग्रेस के 16, राजद के 4, भाकपा (माले) के 2 और झामुमो के 6 विधायकों का समर्थन मिलने की संभावना है.
अगर यह गणित कायम रहता है तो प्रणव झा भी जीत की स्थिति में दिखाई देते हैं. इसके बावजूद कांग्रेसी खेमा सक्रिय है. 15 जून को प्रदेश कांग्रेस प्रभारी के राजू, सांसद डॉ सैयद नासिर हुसैन, झारखंड कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष केशव महतो कमलेश, विधायक प्रदीप यादव और अजय शर्मा ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के आवास पर मुलाकात की थी. कांग्रेस का एक दल तेजस्वी यादव से भी मुलाकात कर चुका है.
हालांकि एनडीए समर्थित निर्दलीय उम्मीदवार परिमल नाथवानी भी मुकाबले को चुनौतीपूर्ण बना रहे हैं. एनडीए के पास भाजपा के 21, जदयू का 1, आजसू का 1 और लोजपा (रामविलास) का 1 विधायक है. इस तरह पहली प्राथमिकता के कुल 24 वोट नाथवानी के खाते में आते हैं. जीत का आंकड़ा छूने के लिए उन्हें कम से कम चार अतिरिक्त वोटों की जरूरत होगी. इसको लेकर कवायद शुरू हो चुकी है. 15 जून को परिमल नाथवानी एनडीए विधायक दल की बैठक में मौजूद थे. उन्होंने पार्टी के तमाम वरिष्ठ नेताओं से अलग-अलग भी मुलाकात की थी.
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