रायपुर, 25 जून (आरएनएस)। वन मंत्री केदार कश्यप ने पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के बयानों पर तीखी प्रतिक्रिया देते हुए कहा है कि कांग्रेस के पास अब जनता से जुड़े कोई ठोस मुद्दे नहीं बचे हैं। यही कारण है कि वह तथ्यहीन आरोपों और राजनीतिक बयानबाजी के सहारे जनमत को भ्रमित करने का प्रयास कर रही है।
उन्होंने कहा कि जिस कांग्रेस ने देश में आपातकाल लगाकर लोकतांत्रिक अधिकारों को कुचलने का काम किया, वही आज लोकतंत्र की दुहाई दे रही है। यह विडंबना ही है कि लोकतंत्र को सबसे बड़ा आघात पहुंचाने वाली पार्टी अब लोकतांत्रिक मूल्यों की बात कर रही है। उन्होंने कहा कि देश की नई पीढ़ी को यह जानना चाहिए कि आपातकाल के दौरान अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता पर प्रतिबंध लगाया गया था और लोकतंत्र की आवाज उठाने वालों को जेलों में डाल दिया गया था।
केदार कश्यप ने कहा कि लोकतंत्र केवल चुनाव तक सीमित नहीं है, बल्कि यह नागरिक अधिकारों, अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता और जनभागीदारी का आधार है। लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा और उन्हें व्यवहार में उतारना प्रत्येक नागरिक की जिम्मेदारी है।
किसानों के मुद्दे पर उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में राज्य सरकार कृषि को अधिक लाभकारी बनाने के लिए लगातार काम कर रही है। फसल विविधीकरण को बढ़ावा देने के उद्देश्य से दलहन और तिलहन फसलों की खेती करने वाले किसानों को प्रति हेक्टेयर 15 हजार रुपये की प्रोत्साहन राशि प्रदान की जा रही है। साथ ही इन फसलों की खरीद की प्रभावी व्यवस्था भी सुनिश्चित की जा रही है, जिससे किसानों को बेहतर आर्थिक लाभ मिल सके।
स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर कांग्रेस के आरोपों पर पलटवार करते हुए वन मंत्री ने कहा कि कांग्रेस को इस विषय पर बोलने का नैतिक अधिकार नहीं है। उनके शासनकाल में स्वास्थ्य व्यवस्था कई गंभीर सवालों और अव्यवस्थाओं से घिरी रही। वहीं आज केंद्र सरकार के नेतृत्व में देशभर में स्वास्थ्य सुविधाओं का तेजी से विस्तार हुआ है और आम लोगों तक बेहतर चिकित्सा सेवाएं पहुंच रही हैं।
नीट परीक्षा के संबंध में उन्होंने कहा कि सरकार विद्यार्थियों के भविष्य को लेकर पूरी तरह गंभीर और संवेदनशील है। परीक्षा प्रणाली की पारदर्शिता और निष्पक्षता बनाए रखना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है तथा किसी भी छात्र के हितों से समझौता नहीं किया जाएगा।
केदार कश्यप ने कहा कि कांग्रेस का राजनीतिक इतिहास लोकतांत्रिक संस्थाओं को कमजोर करने और जनता के विश्वास को ठेस पहुंचाने वाली घटनाओं से भरा पड़ा है। इसके विपरीत राज्य सरकार सुशासन, पारदर्शिता, किसान हित और जनकल्याण के एजेंडे पर लगातार काम कर रही है। उन्होंने कहा कि जनता अब आरोपों और प्रचार के बजाय विकास कार्यों और परिणामों के आधार पर निर्णय ले रही है, इसलिए कांग्रेस के दुष्प्रचार का कोई असर नहीं पडऩे वाला।यह संस्करण प्रिंट मीडिया के लिए अधिक आकर्षक, राजनीतिक रूप से धारदार और समाचार शैली में तैयार किया गया है, जिसमें शीर्षक और उपशीर्षक पाठकों का ध्यान खींचने वाले हैं।
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